गोविंदपुरी अग्निकांड में संलिप्तता के आरोप में नाबालिग समेत चार लोगों को पकड़ा गया

गोविंदपुरी अग्निकांड में संलिप्तता के आरोप में नाबालिग समेत चार लोगों को पकड़ा गया

गोविंदपुरी अग्निकांड में संलिप्तता के आरोप में नाबालिग समेत चार लोगों को पकड़ा गया
Modified Date: June 14, 2026 / 10:59 am IST
Published Date: June 14, 2026 10:59 am IST

नयी दिल्ली, 14 जून (भाषा) दिल्ली पुलिस ने दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के गोविंदपुरी इलाके में एक आवासीय इमारत में लगी आग के मामले में संलिप्तता के आरोप में 17 वर्षीय लड़की और तीन अन्य लोगों को पकड़ा है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी।

इस घटना में तीन लोगों की मौत हो गई थी और आठ लोग घायल हुए थे।

तुगलकाबाद एक्सटेंशन स्थित बहुमंजिला इमारत में 12 जून को देर रात करीब दो बजकर 20 मिनट पर आग लगी थी जिसने भूतल से लेकर पांचवीं मंजिल तक इमारत को अपनी चपेट में ले लिया था।

घटना में आठ लोग घायल हुए थे, जिन्हें इलाज के लिए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) ट्रॉमा सेंटर और सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया था। एक ही परिवार के तीन लोगों-पंकज पांडे, उनकी बहन सोनिया और नानी सुशीला देवी-की इलाज के दौरान मौत हो गई थी।

पुलिस ने शुरुआत में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 287 (आग संबंधी लापरवाही) और धारा 106(1) (लापरवाही से मौत का कारण बनना) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।

दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) हेमंत तिवारी ने एक बयान में कहा, ‘‘जांच के दौरान दलों ने इलाके के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और आग लगने से कुछ समय पहले एक महिला को परिसर में प्रवेश करते देखा। जुटाए गए सबूतों के आधार पर पुलिस इस निष्कर्ष पर पहुंची कि आग जानबूझकर लगाई गई थी।’’

पुलिस के अनुसार, इसके बाद गोविंदपुरी के नवजीवन कैंप में रहने वाली 17 वर्षीय लड़की की पहचान कर उसे पकड़ लिया गया।

पुलिस ने बताया कि पूछताछ के दौरान लड़की ने कथित तौर पर बताया कि 27 वर्षीय महिला सरिता ने उसे इमारत में खड़े एक स्कूटर में आग लगाने के लिए उकसाया था।

तिवारी ने कहा कि सरिता ने इस काम के लिए पेट्रोल और माचिस कथित तौर पर उपलब्ध कराई थी।

उन्होंने कहा कि इस घटना के पीछे इमारत की पांचवीं मंजिल पर रहने वाले दीपक से धन को लेकर विवाद बताया जा रहा है।

पुलिस के अनुसार, जांच में पता चला कि गोविंदपुरी के नवजीवन कैंप निवासी निरंजन (33) और उसके भाई राजकुमार (27) ने व्यक्तिगत विवाद निपटाने के लिए यह साजिश कथित तौर पर रची।

पुलिस ने बताया कि नाबालिग के अलावा सरिता, निरंजन और राजकुमार से पूछताछ की जा रही है।

उसने बताया कि सरिता, निरंजन और राजकुमार को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।

जांच में सामने आए तथ्यों के बाद पुलिस ने बीएनएस के तहत आपराधिक साजिश, गैर-इरादतन हत्या, गैर-इरादतन हत्या के प्रयास, आग से नुकसान पहुंचाने और रात में छिपकर घर में घुसने से संबंधित धाराएं भी जोड़ दी हैं।

नाबालिग लड़की और तीनों आरोपियों को पकड़ लिया गया है। मामले की जांच जारी है।

भाषा सिम्मी शोभना

शोभना


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