तमिल फिल्म उद्योग के लिए सरकार संचालित ओटीटी मंच शुरू करे सरकार : कमल हासन

तमिल फिल्म उद्योग के लिए सरकार संचालित ओटीटी मंच शुरू करे सरकार : कमल हासन

तमिल फिल्म उद्योग के लिए सरकार संचालित ओटीटी मंच शुरू करे सरकार : कमल हासन
Modified Date: May 17, 2026 / 05:26 pm IST
Published Date: May 17, 2026 5:26 pm IST

(फोटो के साथ)

चेन्नई, 17 मई (भाषा) अभिनेता एवं राजनीतिक नेता कमल हासन ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी जोसेफ विजय से मुलाकात कर तमिल फिल्म उद्योग से जुड़ी छह मांगों वाला एक ज्ञापन सौंपा।

इन मांगों में राज्य सरकार द्वारा संचालित ओटीटी मंच शुरू करने की मांग भी शामिल है।

हासन की पार्टी मक्कल नीधि मय्यम (एमएनएम), द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) की सहयोगी है और इसने 23 अप्रैल 2026 को हुआ तमिलनाडु विधानसभा चुनाव नहीं लड़ा था।

मक्कल नीधि मय्यम (एमएनएम) प्रमुख ने शनिवार देर रात ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में मुख्यमंत्री को सौंपे गए पत्र का विस्तार से उल्लेख किया।

कमल हासन ने कहा, ‘‘मैं तमिलनाडु सरकार से अनुरोध करता हूं कि वह राज्य सरकार संचालित एक ओटीटी मंच शुरू करे, जहां तमिल दर्शक तमिल सिनेमा, स्वतंत्र फिल्मों और वृत्तचित्रों को सस्ती एवं रियायती दरों पर देख सकें।’’

अपनी दूसरी मांग में हासन ने कहा कि फिल्म निर्माण, उसका वितरण और सिनेमाघरों के संचालन की बढ़ती लागत को देखते हुए स्थानीय निकायों द्वारा लगाए जाने वाले चार प्रतिशत मनोरंजन कर को समाप्त किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इससे तमिल फिल्म उद्योग को काफी मदद मिलेगी।

हासन ने सरकार से ‘पाइरेसी’ रोधी एक मजबूत टीम गठित करने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि ‘पाइरेसी’ से हजारों कलाकारों, तकनीशियनों और निर्माताओं की मेहनत तथा निवेश प्रभावित होता है।

हासन ने कहा, ‘‘मैं तमिलनाडु पुलिस के साइबर अपराध विभाग के अंतर्गत एक समर्पित पाइरेसी रोधी प्रवर्तन टीम गठित करने का अनुरोध करता हूं, जिसे ‘पायरेटेड’ सामग्री को तत्काल हटाने की शक्ति प्राप्त हो।’’

उन्होंने राज्य सरकार से प्रदेश के सभी सिनेमाघरों में फिल्मों के लिए प्रतिदिन पांच शो चलाने की अनुमति देने का भी आग्रह किया।

हासन ने कहा, ‘‘इससे सिनेमाघरों की आय में वृद्धि होगी और फिल्म प्रदर्शन क्षेत्र को उबरने में मदद मिलेगी।’’

अभिनेता हासन ने सिनेमाघरों की सुरक्षा के लिए तमिलनाडु में रिलीज होने वाली सभी फिल्मों के लिए आठ सप्ताह की अनिवार्य ओटीटी रिलीज अवधि तय करने की मांग भी की।

हासन ने कहा कि इससे सिनेमाघर मालिकों और वितरकों को आर्थिक रूप से टिके रहने में सहायता मिलेगी।

उन्होंने राज्य सरकार से फिल्म निर्माण प्रोत्साहन योजना लागू करने का भी आग्रह किया। भाषा रवि कांत नेत्रपाल

नेत्रपाल


लेखक के बारे में