केरल: पूर्व मुख्यमंत्री विजयन की सुरक्षा में तैनात रहे पांच पुलिसकर्मी वर्ष 2023 के हमला मामले में निलंबित

केरल: पूर्व मुख्यमंत्री विजयन की सुरक्षा में तैनात रहे पांच पुलिसकर्मी वर्ष 2023 के हमला मामले में निलंबित

केरल: पूर्व मुख्यमंत्री विजयन की सुरक्षा में तैनात रहे पांच पुलिसकर्मी वर्ष 2023 के हमला मामले में निलंबित
Modified Date: May 26, 2026 / 05:30 pm IST
Published Date: May 26, 2026 5:30 pm IST

तिरुवनंतपुरम, 26 मई (भाषा) वर्ष 2023 में केरल के अलाप्पुझा में तत्कालीन मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान युवा कांग्रेस के दो कार्यकर्ताओं पर हुए कथित हमले के सिलसिले में उस समय उनकी (विजयन) की सुरक्षा में तैनात रहे पांच पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

पुलिस ने बताया कि यह कार्रवाई संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) सरकार के कार्यभार संभालने के तुरंत बाद गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट के बाद की गई। एसआईटी का गठन इस मामले की पुन: जांच करने के लिये किया गया था।

सात सदस्यीय एसआईटी का नेतृत्व पुलिस अधीक्षक ए पी शौकत अली कर रहे हैं। पुलिस प्रवक्ता ने पुष्टि की कि पूर्व मुख्यमंत्री के सुरक्षाकर्मी समेत पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि राज्य पुलिस के प्रमुख ने एसआईटी को दोबारा जांच पूरी करके एक महीने के भीतर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है।

यह कदम यूडीएफ सरकार के मुख्यमंत्री वी डी सतीशन की अध्यक्षता में हुई पहली कैबिनेट बैठक के तुरंत बाद उठाया गया था, जिसमें अलाप्पुझा में नव केरल यात्रा के दौरान हुई घटना की पुन: जांच का आदेश देने का निर्णय लिया गया था।

अलाप्पुझा विधानसभा क्षेत्र से नौ अप्रैल को हुए चुनाव में विजेता रहे ए डी थॉमस कथित हमले में घायल हुए युवा कांग्रेस के नेताओं में शामिल थे।

पहली कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता करने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए सतीशन ने कहा था कि जब यह मामला अदालत के समक्ष आया, तो उसने अभियोजन पक्ष के तर्कों को खारिज कर दिया और पुन: जांच का आदेश दिया।

उन्होंने आरोप लगाया कि अदालत के आदेश के बावजूद, पिछली वाम लोकतांत्रिक मोर्चा सरकार एक साल से अधिक समय तक इस पर कोई कार्रवाई करने में विफल रही।

भाषा संतोष दिलीप

दिलीप


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