केरल चुनाव: नेमोम में विकास के मुद्दे पर बहस के लिए समय और स्थान तय करें चंद्रशेखर- शिवनकुट्टी

केरल चुनाव: नेमोम में विकास के मुद्दे पर बहस के लिए समय और स्थान तय करें चंद्रशेखर- शिवनकुट्टी

केरल चुनाव: नेमोम में विकास के मुद्दे पर बहस के लिए समय और स्थान तय करें चंद्रशेखर- शिवनकुट्टी
Modified Date: March 28, 2026 / 08:06 pm IST
Published Date: March 28, 2026 8:06 pm IST

तिरुवनंतपुरम, 28 मार्च (भाषा) केरल के मंत्री वी. शिवनकुट्टी ने शनिवार को कहा कि उनके प्रतिद्वंद्वी और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर नेमोम निर्वाचन क्षेत्र में विकास के मुद्दे पर खुली बहस के लिए समय और स्थान तय कर सकते हैं।

शिवनकुट्टी नौ अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव में नेमोम से वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) के उम्मीदवार हैं।

चंद्रशेखर ने इससे पहले शिवनकुट्टी को सार्वजनिक बहस के लिए चुनौती दी थी, जिसे मंत्री ने स्वीकार कर लिया और 29 मार्च को पूजपुरा में बहस का प्रस्ताव रखा।

हालांकि, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के उसी दिन त्रिशूर और पलक्कड़ में चुनाव प्रचार करने का कार्यक्रम होने के कारण, चंद्रशेखर ने इस प्रस्ताव पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।

शिवनकुट्टी ने पत्रकारों से कहा कि उन्हें समझ में आता है कि चंद्रशेखर प्रधानमंत्री के कार्यक्रमों में व्यस्त हो सकते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘वह बहस के लिए कोई भी तारीख और जगह तय कर सकते हैं, और मैं तैयार हूं। बस एक ही शर्त है कि यह शाम को हो, क्योंकि हम दिनभर चुनावी रैलियों में व्यस्त रहते हैं।’’

उन्होंने आरोप लगाया कि चंद्रशेखर नेमोम और केरल में हो रहे घटनाक्रम को समझने में विफल रहे हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा कार्यकर्ता खुद दुविधा में हैं, क्योंकि वे यह दावा नहीं कर सकते कि यहां कोई विकास नहीं हुआ है। चंद्रशेखर को यहां हुई प्रगति को स्वीकार करना चाहिए।’’

शिवनकुट्टी ने यह भी दावा किया कि चंद्रशेखर ने केंद्रीय मंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान केरल या नेमोम के विकास में योगदान देने में अपनी असमर्थता स्वीकार की है।

उन्होंने कहा कि केंद्र को नेमोम में रेलवे विकास की कमी के बारे में स्पष्टीकरण देना चाहिए।

मंत्री ने कहा कि इस निर्वाचन क्षेत्र में मुख्य मुकाबला मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) और भाजपा के बीच है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि नेमोम ने एक मौके को छोड़कर चुनावों में ज्यादातर एलडीएफ का समर्थन किया है।

नेमोम में कड़ा मुकाबला होने की उम्मीद है, जहां शिवनकुट्टी का मुकाबला चंद्रशेखर से होगा और कांग्रेस की ओर से के एस सबरीनाथन चुनाव मैदान में हैं।

बहस के शिवनकुट्टी के प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया देते हुए चंद्रशेखर ने कहा कि वह चर्चा के लिए तैयार हैं, लेकिन उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि यह चर्चा केवल उन दोनों तक सीमित नहीं होनी चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘‘इस चर्चा की शुरुआत मैंने की थी और मुझे इससे कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन सिर्फ शिवनकुट्टी को ही नहीं आना चाहिए। मुख्यमंत्री को भी बहस में शामिल होने का साहस दिखाना चाहिए।’’

उन्होंने कहा कि माकपा यह तय कर सकती है कि पार्टी का प्रतिनिधित्व कौन करेगा, और भाजपा भी अपने प्रतिभागी के बारे में निर्णय लेगी।

चंद्रशेखर ने चर्चा में कांग्रेस को भी शामिल करने का सुझाव दिया।

उन्होंने कहा, ‘‘एक त्रिपक्षीय बहस होनी चाहिए। इसमें राज्य के भविष्य और विकास पर ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए, और साथ ही यह भी पड़ताल की जानी चाहिए कि जब माकपा और कांग्रेस को केरल में शासन करने का अवसर मिला, तब उन्होंने क्या किया।’’

केरल विधानसभा की 140 सीट के लिए नौ अप्रैल को मतदान होगा।

भाषा

देवेंद्र अविनाश

अविनाश


लेखक के बारे में