ममता ने मतदाताओं से चौकन्ना रहने को कहा, केंद्रीय बलों द्वारा डराने-धमकाने की आशंका जताई

ममता ने मतदाताओं से चौकन्ना रहने को कहा, केंद्रीय बलों द्वारा डराने-धमकाने की आशंका जताई

ममता ने मतदाताओं से चौकन्ना रहने को कहा, केंद्रीय बलों द्वारा डराने-धमकाने की आशंका जताई
Modified Date: November 29, 2022 / 08:32 pm IST
Published Date: April 8, 2021 10:56 am IST

बालागढ़ (पश्चिम बंगाल), आठ अप्रैल (भाषा) पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बृहस्पतिवार को मतदाताओं को चौकन्ना रहने की सलाह देते हुए कहा कि केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों के जवान गांवों में लोगों को डराने-धमकाने पहुंच सकते हैं।

हुगली जिले के बालागढ़ में जनसभा को संबोधित करते हुए बनर्जी ने आरोप लगाया कि केंद्रीय बल ‘अमित शाह द्वारा संचालित केंद्रीय गृह मंत्रालय’ के निर्देशों पर काम कर रहे हैं।

तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, ‘‘मैं केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों के प्रति सम्मान रखती हूं लेकिन वे दिल्ली के निर्देशों पर काम कर रहे हैं। वे मतदान वाले दिन से पहले ग्रामीणों पर अत्याचार करते हैं। कुछ तो महिलाओं का उत्पीड़न कर रहे हैं। वे लोगों से भाजपा के लिए वोट करने को कह रहे हैं। हम ऐसा नहीं होने देंगे।’’

बनर्जी ने कहा कि राज्य पुलिस बल को चौकन्ना रहना चाहिए और दिल्ली के सामने झुकना नहीं चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘आपका काम निष्पक्ष और स्वतंत्र चुनाव कराना है। कृपया शरारती तत्वों के साथ सख्ती से पेश आएं और एकजुटता बनाकर रखें।’’

ग्रामीणों को केंद्रीय बलों की किसी भी ज्यादती पर स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने की सलाह देते हुए बनर्जी ने कहा, ‘‘अगर थानों में प्राथमिकी दर्ज नहीं की जाए तो हमें सूचित करें।’’

भाजपा पर पूरे इलाके में धारा 144 लागू होने का झूठ फैलाने का आरोप लगाते हुए तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, ‘‘वे दहशत फैलाने के लिए झूठ बोलते हैं। वास्तव में किसी बूथ के 200 मीटर के दायरे में धारा 144 लगी होती है। लेकिन वे हमारे मतदाताओं को मतदान केंद्रों तक जाने से रोकने के लिए ऐसा कर रहे हैं।’’

उन्होंने मतदाताओं से कहा कि पश्चिम बंगाल को ‘एक और गुजरात’ नहीं बनने दें।

उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप गुप्तीपारा की सबसे पुरानी दुर्गा पूजा को बचाना चाहते हैं, यदि आप दुर्गा पूजा जैसे त्योहारों को बचाना चाहते हैं तो भाजपा को हराएं।’’

बनर्जी ने महेश में ऐतिहासिक रथयात्रा के संरक्षण का, बंदेल चर्च में समारोहों का, जंगलमहल में अनोखे संथाल त्योहारों के संरक्षण का अपना वादा दोहराया तथा भाषण समाप्त करते हुए ‘चंडी मंत्र’ पढ़ा।

भाषा

वैभव मनीषा

मनीषा


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