ईरानी पोत पर अमेरिकी हमले को लेकर प्रधानमंत्री ने साधी ‘आपराधिक चुप्पी’: कांग्रेस
ईरानी पोत पर अमेरिकी हमले को लेकर प्रधानमंत्री ने साधी ‘आपराधिक चुप्पी’: कांग्रेस
नयी दिल्ली, पांच मार्च (भाषा) कांग्रेस ने हिंद महासागर में अमेरिकी नौसेना द्वारा एक ईरानी पोत पर हमला किए जाने की घटना को लेकर बृहस्पतिवार को केंद्र सरकार पर निशाना साधा और दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इस पर ‘आपराधिक चुप्पी’’ साध रखी है।
श्रीलंका ने बुधवार को बताया कि श्रीलंकाई नौसेना और तटरक्षक बल को तड़के पांच बजकर आठ मिनट पर दक्षिणी बंदरगाह जिले गॉल से लगभग 40 समुद्री मील की दूरी पर स्थित ‘आईरिस देना’ नामक पोत के डूबने की सूचना मिली थी।
कांग्रेस के मीडिया और प्रचार विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने घटना का उल्लेख करते हुए कहा, ‘‘हम ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ के साथ ‘अतिथि देवो भवः’ की बात करते हैं। नरेन्द्र मोदी भी अक्सर इनका जिक्र करते हैं। मगर उनकी कार्यशैली और विदेश नीति में इन दोनों कथनों का तनिक भी अंश नहीं दिखाई देता।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ईरान का जहाज हमारे निमंत्रण पर आया था। ईरानी नौसेना के लोग हमारे मेहमान थे और उनको हमारी सीमा के निकट मार दिया गया।’’
खेड़ा ने आरोप लगाया, ‘‘प्रधानमंत्री के मौन में भी बहुत कुछ सुनाई दे रहा है, जिसे सुनकर पूरा विश्व हैरान है। आज प्रधानमंत्री की आपराधिक चुप्पी पूरे देश और उसकी विरासत पर बदनुमा दाग की तरह उभरकर सामने आ रही है।’’
कांग्रेस नेता ने कहा कि भारत अपनी क्षमताओं और प्रौद्योगिकी के आधार पर हिंद महासागर की निगरानी करता है, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के ‘नए भारत’ में देश में आए मेहमान को किसी दूसरे देश द्वारा मार दिया गया।
उन्होंने दावा किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य को ईरान ने बंद कर दिया है, जिसके कारण 10 हजार करोड़ का भारतीय सामान, 38 जहाज और 1,100 नाविक फंसे हुए हैं, लेकिन कोई मदद नहीं मिल पा रही है क्योंकि भारत सरकार ने ईरान के साथ बातचीत के सारे रास्ते बंद कर लिए हैं।
भाषा हक
हक पवनेश
पवनेश

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