पंजाब के मुख्यमंत्री ने बेअदबी रोधी कानून में संशोधनों पर चर्चा के लिए बैठक की

पंजाब के मुख्यमंत्री ने बेअदबी रोधी कानून में संशोधनों पर चर्चा के लिए बैठक की

पंजाब के मुख्यमंत्री ने बेअदबी रोधी कानून में संशोधनों पर चर्चा के लिए बैठक की
Modified Date: September 27, 2026 / 09:18 pm IST
Published Date: September 27, 2026 9:18 pm IST

चंडीगढ़, 27 सितंबर (भाषा) पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने रविवार को दोहराया कि अकाल तख्त सभी के लिए सर्वोच्च है और राज्य सरकार बेअदबी के खिलाफ सबसे मजबूत कानूनी व्यवस्था कायम करके गुरु ग्रंथ साहिब की पवित्रता व सम्मान की रक्षा करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी।

मान ने पंजाब सरकार की ओर से अप्रैल में पारित बेअदबी रोधी कानून में संशोधन पर चर्चा के लिए गठित सात सदस्यीय समिति के साथ हुई बैठक में कहा कि बेअदबी करने वालों के लिए आजीवन कारावास और भारी जुर्माना इस कानून की नींव है, जिसे कमजोर नहीं किया जा सकता।

मुख्यमंत्री आवास पर हुई बैठक में जागत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) अधिनियम, 2026 के प्रावधानों, कुछ प्रावधानों को लेकर उठाई गई चिंताओं और विचार-विमर्श तथा सहमति के जरिए आगे का रास्ता निकालने पर चर्चा हुई।

एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गई।

मान ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य स्पष्ट है—गुरु ग्रंथ साहिब की पवित्रता पूरी तरह सुरक्षित रहनी चाहिए और कानून का उद्देश्य प्रभावी ढंग से पूरा होना चाहिए।

भाषा जोहेब नरेश

नरेश


लेखक के बारे में