पुणे भूमि घोटाले पर खरगे समिति ने अब तक रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की है: बावनकुले

पुणे भूमि घोटाले पर खरगे समिति ने अब तक रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की है: बावनकुले

पुणे भूमि घोटाले पर खरगे समिति ने अब तक रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की है: बावनकुले
Modified Date: February 5, 2026 / 04:29 pm IST
Published Date: February 5, 2026 4:29 pm IST

मुंबई, पांच फरवरी (भाषा) महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने बृहस्पतिवार को कहा कि पुणे भूमि घोटाले की जांच कर रही विकास खरगे की अध्यक्षता वाली समिति ने अब तक अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की है। साथ ही उन्होंने कहा कि इस स्तर पर किसी को ‘क्लीन चिट’ देने की कोई संभावना नहीं है।

इस मामले में दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार के बेटे पार्थ पवार को राहत दिए जाने के दावे वाली मीडिया में आई खबरों से जुड़े सवाल के जवाब में बावनकुले ने यह बात कही।

पुणे के मुंधवा इलाके में 40 एकड़ जमीन ‘अमाडिया एंटरप्राइजेज एलएलपी’ को 300 करोड़ रुपये में बेची गई, जिसमें पार्थ पवार प्रमुख भागीदार हैं। जैसे ही पता चला कि जमीन सरकारी थी और इसे बेचा नहीं जा सकता इसके बाद यह सौदा जांच के दायरे में आ गया। यह भी आरोप है कि कंपनी को 21 करोड़ रुपये की ‘स्टांप ड्यूटी’ के भुगतान से छूट दी गई थी।

बावनकुले ने कहा कि समिति ने अपने निष्कर्ष प्रस्तुत करने के लिए आठ दिन का समय मांगा है और सरकार इस अनुरोध को मंजूरी देगी।

उन्होंने कहा, ‘‘रिपोर्ट अब तक आधिकारिक तौर पर राज्य सरकार को नहीं सौंपी गई है। इसलिए पार्थ पवार या किसी और को ‘क्लीन चिट’ देने की कोई गुंजाइश नहीं है। मैं लोगों से आग्रह करता हूं कि वे इतने गंभीर मुद्दे पर अटकलें न लगाएं और जनता को भ्रमित न करें।”

अतिरिक्त मुख्य सचिव (राजस्व) विकास खरगे की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय समिति मुंधवा भूमि से संबंधित खरीद विलेख के पंजीकरण में कथित प्रक्रियात्मक खामियों की जांच कर रही है।

भाषा यासिर पवनेश

पवनेश


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