कल्याण में शिवसेना से हाथ मिलाने से पहले एमएनएस को हमें बताना चाहिए था: शिवसेना (यूबीटी)

कल्याण में शिवसेना से हाथ मिलाने से पहले एमएनएस को हमें बताना चाहिए था: शिवसेना (यूबीटी)

कल्याण में शिवसेना से हाथ मिलाने से पहले एमएनएस को हमें बताना चाहिए था: शिवसेना (यूबीटी)
Modified Date: January 25, 2026 / 10:13 pm IST
Published Date: January 25, 2026 10:13 pm IST

मुंबई, 25 जनवरी (भाषा) शिवसेना (उबाठा) के एक नेता ने रविवार को कहा कि कल्याण-डोंबिवली नगर निगम में एकनाथ शिंदे-नीत शिवसेना के साथ हाथ मिलाने के फैसले की जानकारी महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) को पहले उद्धव ठाकरे-नीत पार्टी को देनी चाहिए थी।

युवा सेना के सचिव वरुण सरदेसाई की टिप्पणी कुछ दिनों बाद आई है, जब एमएनएस प्रमुख राज ठाकरे ने महाराष्ट्र की राजनीतिक स्थिति को “गुलामों का बाज़ार” बताते हुए अपने चचेरे भाई उद्धव ठाकरे के साथ मंच पर एक कार्यक्रम को संबोधित किया था।

सरदेसाई ने पत्रकारों से कहा, ‘‘एमएनएस एक अलग पार्टी है। मुझे उन्हें यह बताने की ज़रूरत नहीं कि क्या करना चाहिए। मैं यह कल्याण-डोंबिवली के संदर्भ में कह रहा हूं। हमने साथ में चुनाव लड़ा था। अगर उन्हें अलग निर्णय लेना था, तो उन्हें इसके बारे में हमारे साथ चर्चा करनी चाहिए थी। चर्चा के बाद इसका कोई समाधान निकाला जा सकता था।’’

उन्होंने कहा, “यह हमारी एकमात्र अपेक्षा थी।”

उन्होंने बताया कि शिवसेना (उबाठा) के पास केडीएमसी में 11 पार्षद हैं और एमएनएस के पास पांच।

भाषा

सुरेश नरेश

नरेश


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