‘मुन्नाभाई 3’ जरूर बनेगी, अच्छी कहानी मिलते ही काम शुरू करूंगा: राजकुमार हिरानी

‘मुन्नाभाई 3’ जरूर बनेगी, अच्छी कहानी मिलते ही काम शुरू करूंगा: राजकुमार हिरानी

‘मुन्नाभाई 3’ जरूर बनेगी, अच्छी कहानी मिलते ही काम शुरू करूंगा: राजकुमार हिरानी
Modified Date: June 27, 2026 / 09:12 pm IST
Published Date: June 27, 2026 9:12 pm IST

(कोमल पंचमाटिया)

मुंबई, 27 जून (भाषा) फिल्मकार राजकुमार हिरानी का कहना है कि ‘मुन्नाभाई’ फ्रेंचाइजी की लोकप्रियता का सबसे बड़ा कारण मुन्ना भाई और सर्किट के बीच का अनोखा रिश्ता है।

उन्होंने विश्वास जताया कि जैसे ही उन्हें दमदार कहानी मिलेगी, वह ‘मुन्नाभाई’ शृंखला की तीसरी फिल्म दर्शकों के लिए लेकर आएंगे।

हिरानी ने वर्ष 2003 में फिल्म ‘मुन्नाभाई एमबीबीएस’ से निर्देशन की शुरुआत की थी। इसके बाद 2006 में उन्होंने इसकी अगली कड़ी ‘लगे रहो मुन्नाभाई’ बनाई। दोनों फिल्मों में संजय दत्त ने मुन्ना और अरशद वारसी ने उनके वफादार साथी सर्किट की भूमिका निभाई थी।

अपनी आगामी वेब सीरीज ‘प्रीतम एंड पेड्रो’ के सिलसिले में ‘पीटीआई-भाषा’ को दिए साक्षात्कार में हिरानी ने कहा, ‘‘सर्किट शुरू से ही कहानी का हिस्सा था और वह एक मजेदार किरदार था, लेकिन अरशद ने उसमें जान डाल दी। दूसरी फिल्म में हमने इस किरदार को और मजबूत बनाया, इसलिए उसमें सर्किट को ज्यादा अहमियत दी गई।’’

हिरानी ने कहा कि सर्किट के किरदार की परिकल्पना मुन्ना के प्रति अटूट निष्ठा के प्रतीक के रूप में की गई थी। उन्होंने दोनों के रिश्ते की तुलना भगवान राम और भगवान हनुमान तथा शरलॉक होम्स और डॉ. जॉन वॉटसन से की।

लेखक-निर्देशक हिरानी ने कहा, ‘‘शरलॉक को भी अपनी बात कहने के लिए एक दोस्त की जरूरत होती है। उसी तरह अगर मुन्ना को कुछ कहना होता है तो उसके पास पूरी टोली है, लेकिन सर्किट उसका सबसे वफादार साथी है। हमारे मन में यह बात थी कि सर्किट, हनुमान की तरह है और मुन्ना उसके लिए राम हैं। वह कोई सवाल नहीं करता, भाई ने जो कह दिया, वही करता है।’’

अरशद वारसी ने कहा, ‘‘हर कोई अपनी जिंदगी में एक सर्किट चाहता है। मैं भी चाहता हूं।’’

अरशद ने बताया कि जब उन्हें ‘मुन्नाभाई एमबीबीएस’ की कहानी सुनाई गई थी, तब वह राजकुमार हिरानी को ज्यादा नहीं जानते थे, लेकिन उनकी कहानी कहने की शैली से बेहद प्रभावित हुए।

हिरानी ने बताया कि फिल्म की कास्टिंग के दौरान कई बदलाव हुए थे। शुरुआती दौर में मुन्ना के किरदार के लिए शाहरुख खान और सर्किट के लिए मकरंद देशपांडे को चुना गया था।

उन्होंने कहा, ‘‘यह फिल्म बनने में लंबा समय लगा और कई कलाकारों के नाम जुड़े। एक समय शाहरुख इसे करने वाले थे और उस समय मकरंद सर्किट बनने वाले थे, लेकिन फिल्म में देरी होती गई। इस बीच मकरंद निर्देशन में व्यस्त हो गए और उन्होंने यह फिल्म नहीं कर पाने की बात कही। इसके बाद अरशद हमारे साथ जुड़े।’’

हिरानी ने बताया कि वह 1996 में आई अरशद वारसी की पहली फिल्म ‘तेरे मेरे सपने’ से ही उनके काम पर नजर रखे हुए थे, लेकिन उन्हें संदेह था कि वारसी नायक के मित्र का किरदार स्वीकार करेंगे या नहीं।

उन्होंने कहा, ‘‘मैं चाहता था कि अरशद यह भूमिका करें क्योंकि मुझे लगा कि यह बहुत मजेदार होगा। आज भी मुझे वह दिन याद है जब उन्होंने इसके लिए हामी भरी और शूटिंग का पहला दिन भी याद है।’’

‘3 इडियट्स’, ‘पीके’, ‘संजू’ और ‘डंकी’ जैसी फिल्मों के निर्देशक हिरानी ने कहा कि शुरुआती दिनों में उन्हें अरशद द्वारा संवादों में अपनी तरफ से जोड़े गए हास्यपूर्ण संवादों पर संदेह हुआ था, लेकिन बाद में उन्हें एहसास हुआ कि इससे किरदार और प्रभावशाली बन रहा है।

उन्होंने कहा, ‘‘पहले ही दृश्य में जिस अंदाज से उन्होंने अभिनय किया, मुझे लगा कि वह कुछ गलत कर रहे हैं क्योंकि पटकथा में वैसा हास्य नहीं था, लेकिन दो-तीन दृश्य के बाद समझ आया कि वह अपने स्तर पर किरदार में कुछ नया जोड़ रहे हैं।’’

‘मुन्नाभाई’ फ्रेंचाइजी की तीसरी फिल्म का एक टीजर 15 वर्ष से अधिक समय पहले जारी किया गया था, लेकिन उसके बाद परियोजना आगे नहीं बढ़ सकी। हालांकि, हिरानी ने कहा कि वह इस लोकप्रिय जोड़ी को एक बार फिर पर्दे पर जरूर लेकर आएंगे।

उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप मुझसे पूछें कि मैं सबसे ज्यादा कौन-सी फिल्म बनाना चाहता हूं तो वह ‘मुन्नाभाई’ है। मेरे लिए ये सबसे प्यारे किरदार हैं। जब भी मैं ‘3 इडियट्स’ की अगली कड़ी की बात करता हूं तो लोग पूछते हैं कि ‘मुन्नाभाई’ क्यों नहीं बना रहे।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मैं इसे जरूर बनाना चाहता हूं और मुझे पता है कि संजू भी इसे लेकर उतने ही उत्साहित हैं। वह बार-बार फोन करते हैं। यह फिल्म एक दिन जरूर बनेगी।’’

हिरानी ने बताया कि वर्षों के दौरान ‘मुन्ना भाई चले अमेरिका’ और ‘मुन्ना भाई एलएलबी’ जैसे कई कथानकों पर काम किया गया, लेकिन अभी तक अंतिम पटकथा तय नहीं हो सकी है।

उन्होंने कहा, ‘‘मैंने कुछ अन्य लेखकों को भी इस पर काम करने के लिए दिया है। वे भी कहानी लिख रहे हैं। जिस दिन हमें सही कहानी मिल जाएगी, उसके बाद सबसे पहले मैं ‘मुन्नाभाई 3’ ही बनाऊंगा।’’

‘प्रीतम एंड पेड्रो’ के साथ हिरानी के बेटे वीर हिरानी अभिनय की दुनिया में कदम रख रहे हैं। यह सीरीज हिरानी का ओटीटी मंच पर पहला प्रोजेक्ट भी है।

‘पाताल लोक’ और ‘थ्री ऑफ अस’ के निर्देशक अविनाश अरुण द्वारा निर्देशित साइबर अपराध पर आधारित हास्य-रोमांचक सीरीज ‘प्रीतम एंड पेड्रो’ तीन जुलाई को जियोहॉटस्टार पर प्रदर्शित होगी।

भाषा रवि कांत सुरेश

सुरेश


लेखक के बारे में