रोहित शेट्टी के घर पर गोलीबारी मामला: चार गिरफ्तार, घटना के पीछे बिश्नोई गिरोह का हाथ होने का संदेह
रोहित शेट्टी के घर पर गोलीबारी मामला: चार गिरफ्तार, घटना के पीछे बिश्नोई गिरोह का हाथ होने का संदेह
मुंबई, एक फरवरी (भाषा) फिल्मकार रोहित शेट्टी के मुंबई स्थित आवास पर गोलीबारी के मामले में रविवार को चार लोगों को गिरफ्तार किया गया। शुरुआती जांच में इन लोगों के लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के सदस्य और राकांपा नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या के मामले में आरोपी शुभम लोनकर के साथ जुड़े होने के संकेत मिले हैं।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि जिन चार लोगों को गिरफ्तार किया है, वे पुणे में इस मामले के सिलसिले में हिरासत में लिए गए पांच संदिग्धों में शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों को मुंबई लाया गया, जहां एक अदालत ने उन्हें पांच फरवरी तक पुलिस हिरासत में भेज दिया।
अधिकारी के मुताबिक, गोलीबारी की घटना के कुछ घंटों बाद सोशल मीडिया पर एक धमकी भरा पोस्ट सामने आया, जिसमें दावा किया गया कि इस वारदात के पीछे लोनकर का हाथ था।
अधिकारियों ने बताया कि जूहू इलाके में स्थित नौ मंजिला इमारत की पहली मंजिल पर शनिवार देर रात करीब 12:45 बजे कम से कम पांच गोलियां चलाई गईं। उन्होंने बताया कि एक गोली इमारत में स्थित जिम के शीशे में जा लगी।
मुंबई पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि गोलीबारी में कोई हताहत नहीं हुआ और फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि घटना के समय शेट्टी अपने आवास पर मौजूद थे या नहीं।
अधिकारी के अनुसार, गोलीबारी के बाद शेट्टी के आवास के बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
उन्होंने कहा, “स्थानीय पुलिस और अपराध शाखा की टीम मामले की जांच कर रही हैं।”
अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने घटनाक्रम की कड़ी जोड़ने के लिए इमारत के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। उन्होंने बताया कि फॉरेंसिक विज्ञान और बैलिस्टिक विशेषज्ञों की टीम भी साक्ष्य जुटाने के लिए घटनास्थल पर पहुंचीं।
अधिकारी के मुताबिक, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत हत्या के प्रयास और शस्त्र अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
पुणे पुलिस के डीसीपी (जोन-3) संभाजी कदम ने बताया कि वारजे मालवाड़ी थाने के पुलिसकर्मियों ने शुरू में पांच संदिग्धों को हिरासत में लिया था, जिनकी पहचान करवे नगर निवासी अमन मारोटे (27) और आदित्य गायकी (19) तथा धायरी के रहने वाले सिद्धार्थ येनपुरे (20), समर्थ पोमाजी (18) और स्वप्निल सकट (23) के रूप में हुई।
वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक महेश बोलकोटगी ने बताया कि आरोपियों को मुंबई पुलिस को सौंप दिया गया।
पुलिस के अनुसार, हिरासत में लिए गए आरोपियों के संबंध लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के सदस्य शुभम लोनकर से हैं, जो राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या के मामले में आरोपी है।
एक अधिकारी ने बताया कि मुंबई अपराध शाखा के जबरन वसूली विरोधी प्रकोष्ठ ने शूटर को रसद मुहैया कराने में भूमिका सामने आने के बाद इनमें से चार संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया।
अधिकारियों ने बताया कि गोलीबारी के कुछ घंटों बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आया, जिसमें दावा किया गया है कि इस घटना के पीछे लोनकर का हाथ था।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हिंदी में लिखा गया यह पोस्ट “शुभम लोनकर और आरजू बिश्नोई” के अकाउंट से जारी किया गया था।
अधिकारी के मुताबिक, पोस्ट में बिश्नोई गिरोह के सदस्यों हरि बॉक्सर और हरमन शांडू के नाम का भी जिक्र था। इसमें लिखा था, “हमने उसे कई बार संदेश भेजकर हमारे काम में दखल न देने के लिए कहा, लेकिन वह नहीं समझा।”
पोस्ट में गोलीबारी को “ट्रेलर” बताते हुए कहा गया है, “अगर वह (रोहित शेट्टी) बात नहीं मानता है, तो अगली गोलियां उसके आवास के बाहर नहीं चलेंगी; बल्कि उसके बेडरूम के अंदर चलेंगी।”
इसमें कहा गया है, “यह पूरे बॉलीवुड के लिए एक चेतावनी है: अपनी हद में रहो। अगर आप नहीं सुधरे, तो हालात बहुत खराब हो जाएंगे, बाबा सिद्दीकी के हालात से भी बदतर। जिन लोगों से हमने संपर्क किया है, उन्हें समय रहते अपनी हरकतें सुधार लेनी चाहिए। वरना छिपने की कोई जगह नहीं बचेगी।”
रोहित शेट्टी ‘गोलमाल’, ‘सिंघम’ और ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ जैसी फिल्मों के निर्माण के लिए जाने जाते हैं।
बाबा सिद्दीकी (66) को 12 अक्टूबर 2024 की रात मुंबई के बांद्रा इलाके में उनके बेटे जीशान सिद्दीकी के कार्यालय के बाहर तीन लोगों ने गोली मारी थी। उसी रात अस्पताल में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
भाषा पारुल अमित
अमित

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