हम अजित पवार की विरासत और आदर्शों को आगे बढ़ाएंगे: उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार

हम अजित पवार की विरासत और आदर्शों को आगे बढ़ाएंगे: उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार

हम अजित पवार की विरासत और आदर्शों को आगे बढ़ाएंगे: उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार
Modified Date: January 31, 2026 / 08:35 pm IST
Published Date: January 31, 2026 8:35 pm IST

मुंबई, 31 जनवरी (भाषा) महाराष्ट्र की नवनियुक्त उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने शनिवार को कहा कि वह अपने दिवंगत पति अजित पवार की विरासत और आदर्शों को आगे बढ़ाएंगी।

सुनेत्रा ने कहा कि पति द्वारा कर्तव्य, संघर्ष और जनता के प्रति प्रतिबद्धता को लेकर दी गई सीख उनके लिए मार्गदर्शक का काम करेंगी।

उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि अजित पवार ने अपना पूरा जीवन किसानों, श्रमिकों, महिलाओं, युवाओं और हाशिए पर रहने वाले लोगों के लिए समर्पित कर दिया और समाज को सार्थक जीवन जीने का मंत्र दिया।

सुनेत्रा ने कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज, छत्रपति शाहू जी महाराज, ज्योतिबा फुले और भीमराव आंबेडकर के आदर्शों के प्रति अडिग रहते हुए उपमुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी स्वीकार करके अति भावुक हूं।

नवनियुक्त उपमुख्यमंत्री ने कहा कि अजित पवार के असामयिक निधन से अपार दुख हुआ है, लेकिन उनके द्वारा प्रदत्त मूल्य, कर्तव्य की भावना, संघर्ष करने की शक्ति और लोगों के प्रति जवाबदेही, उनके लिए हमेशा सच्चा सहारा बने रहेंगे।

सुनेत्रा पवार ने न्यायपूर्ण, समतावादी और विकसित महाराष्ट्र के अजित पवार के सपने को साकार करने के लिए अटूट ईमानदारी के साथ काम करने का संकल्प लिया।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि इस कठिन दौर में महाराष्ट्र की जनता द्वारा दिखाया गया प्रेम और समर्थन उनकी सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने रेखांकित किया कि वह अजित पवार के विचारों को जीवित रखते हुए नई उम्मीद के साथ आगे बढ़ेंगी।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा ‘एक्स’ पर किए गए एक पोस्ट का जवाब देते हुए सुनेत्रा पवार ने कहा कि उनका आशीर्वाद प्रेरणा का स्रोत है।

सुनेत्रा पवार ने कहा कि प्रधानमंत्री की शुभकामनाओं ने महाराष्ट्र की सेवा में एक नई जिम्मेदारी शुरू करते समय उनके आत्मविश्वास को मजबूत किया और सार्वजनिक कल्याण के लिए ईमानदारी और समर्पण के साथ काम करने के उनके संकल्प को और भी बल दिया।

अजित पवार की 28 जनवरी को बारामती हवाई अड्डे के नजदीक हुए विमान हादसे में मौत हो गई थी।

भाषा धीरज संतोष

संतोष


लेखक के बारे में