जोकोविच ने गैंडस्लैम में दर्ज की रिकॉर्ड 400वीं जीत, ऑस्ट्रेलिया ओपन में की फेडरर से बराबरी

जोकोविच ने गैंडस्लैम में दर्ज की रिकॉर्ड 400वीं जीत, ऑस्ट्रेलिया ओपन में की फेडरर से बराबरी

जोकोविच ने गैंडस्लैम में दर्ज की रिकॉर्ड 400वीं जीत, ऑस्ट्रेलिया ओपन में की फेडरर से बराबरी
Modified Date: January 24, 2026 / 05:56 pm IST
Published Date: January 24, 2026 5:56 pm IST

मेलबर्न, 24 जनवरी (एपी) दिग्गज नोवाक जोकोविच ने टेनिस जगत नया इतिहास बनाने का सिलसिला जारी रखते हुए शनिवार को यहां ग्रैंड स्लैम में 400वीं जीत और ऑस्ट्रेलियन ओपन में 102वीं जीत दर्ज की।

चौबीस बार के ग्रैंडस्लैम चैम्पियन जोकोविच ऑस्ट्रेलियाई ओपन के तीसरे दौर के मैच में बोटिक वान डे जैंडस्चुल्प को 6-3, 6-4, 7-6 से हराकर ग्रैंड स्लैम एकल मुकाबलों में 400 जीत दर्ज करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए।

इस जीत के साथ ऑस्ट्रेलियन ओपन में उनका जीत-हार रिकॉर्ड 102-10 हो गया, जो इस टूर्नामेंट में सर्वाधिक मैच जीत के मामले में रोजर फेडरर के करियर रिकॉर्ड की बराबरी है।

जोकोविच अब तक ऑस्ट्रेलियाई ओपन का खिताब 10 बार जीत चुके हैं, जो किसी भी खिलाड़ी द्वारा सर्वाधिक है। 38 वर्षीय जोकोविच इस बार अपने करियर का 25वां ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने के लक्ष्य के साथ ऑस्ट्रेलिया में खेल रहे हैं। वह अगर ऐसा करने में सफल रहे तो सर्वकालिक सबसे सफल टेनिस खिलाड़ी बन जायेंगे।

जैंडस्चुल्प के खिलाफ मुकाबले में जोकोविच शुरू से ही पूरी तरह नियंत्रण में नजर आए। तीसरे सेट में कुछ क्षणों को छोड़कर उन्हें कोई खास परेशानी नहीं हुई। तीसरे गेम में वह फिसलकर कोर्ट पर गिर पड़े और बाद में 12वें गेम में उन्हें दो सेट प्वाइंट का सामना करना पड़ा।

तीसरे गेम के बाद चेंजओवर के दौरान उन्होंने मेडिकल टाइमआउट लिया, जहां फिजियो ने उनके दाएं पैर के अगले हिस्से पर टेप लगाया। उन्होंने इसके बाद एक शानदार फोरहैंड विनर ने शुरुआती संकट को टाल दिया।

दर्शकों ने “नोले, नोले, नोले (जोकोविच का उपनाम)” के नारों से उनका हौसला बढ़ाया। जोकोविच ने शानदार सर्व लगाकर टाईब्रेक तक पहुंचने के बाद सेट को अपने नाम किया।

जोकोविच इस बात से खुश थे कि उन्हें रात्रि मैच खेलने का मौका मिला, खासकर ऐसे दिन जब टूर्नामेंट की अत्यधिक गर्मी नीति लागू करनी पड़ी। इससे पहले दो बार के गत चैंपियन यानिक सिनर को दोपहर की परिस्थितियों में कड़ा संघर्ष करना पड़ा था।

उन्होंने कहा कि टूर्नामेंट के इस चरण में उनका शरीर अच्छा महसूस कर रहा है, लेकिन पिछले साल चारों ग्रैंड स्लैम में सेमीफाइनल तक पहुंचने के बाद वह ज्यादा आगे की नहीं सोच रहे हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘यह टूर्नामेंट की शानदार शुरुआत रही है। पिछले साल मैंने एक सबक सीखा। कुछ ग्रैंड स्लैम में मैं बहुत जल्दी उत्साहित हो गया था और चार में से तीन में चोटिल हो गया।”

रैंकिंग में सबसे ज्यादा समय तक शीर्ष स्थान पर रहे इस खिलाड़ी ने इसके साथ ही ग्रैंड स्लैम इतिहास में तीन अलग-अलग सतहों पर 100 या उससे अधिक मैच जीतने वाले पहले पुरुष खिलाड़ी बनने का रिकॉर्ड कायम किया। उनके नाम विंबलडन में घासियाले कोर्ट पर 102 जीत, रोलां गैरां (फ्रेंच ओपन) में बाजरी वाले कोर्ट पर 101 जीत और ऑस्ट्रेलियाई ओपन में हार्ड कोर्ट पर 100 से अधिक जीत है।

भाषा आनन्द नमिता

नमिता


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