कमिंस की वापसी के बाद भी किशन ही करें सनराइजर्स की कप्तानी: बांगड़

कमिंस की वापसी के बाद भी किशन ही करें सनराइजर्स की कप्तानी: बांगड़

कमिंस की वापसी के बाद भी किशन ही करें सनराइजर्स की कप्तानी: बांगड़
Modified Date: April 22, 2026 / 12:45 pm IST
Published Date: April 22, 2026 12:45 pm IST

हैदराबाद, 22 अप्रैल (भाषा) पूर्व भारतीय क्रिकेटर संजय बांगड़ ने कहा कि पैट कमिंस की चोट से उबरकर वापसी करने के बाद भी ईशान किशन को ही सनराइजर्स हैदराबाद की कप्तानी करनी चाहिए।

कमिंस अपनी पीठ के निचले हिस्से में दर्द के कारण टी20 विश्व कप में नहीं खेल पाए थे और उन्हें इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के मौजूदा सत्र के शुरुआती मैचों से भी बाहर रहना पड़ा था। वह राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ शनिवार को जयपुर में होने वाले मैच में वापसी कर सकते हैं।

भारत के पूर्व बल्लेबाजी कोच बांगड़ ने स्टार स्पोर्ट्स पर कहा, ‘‘एक कप्तान के तौर पर ईशान किशन ने दिखाया कि वह अपने गेंदबाजों का इस्तेमाल करने के मामले में रणनीतिक रूप से बहुत कुशल हैं। उन्हें पता है कि किस बल्लेबाज के खिलाफ किस गेंदबाज का इस्तेमाल करना है। इससे स्पष्ट होता है वह खेल की कितनी अच्छी समझ रखते हैं। वह दबाव में नहीं आते, जल्दबाजी नहीं करते और मैदान पर सही फैसले ले रहे हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘दिल्ली के खिलाफ जिस तरह से उन्होंने अपने स्पिनरों का इस्तेमाल किया, वह प्रभावशाली था। इसलिए मेरा मानना ​​है कि भले ही पैट कमिंस वापसी कर लें, ईशान किशन को ही सनराइजर्स की कप्तानी करनी चाहिए।’’

बांगड़ ने कहा, ‘‘अमूमन देखा गया है कि भारतीय कप्तान होने से टीम को स्थिरता मिलती है। पैट कमिंस जैसे काबिल गेंदबाज की हाल की चोटों को देखते हुए यह कहना मुश्किल है कि वह आईपीएल के बाकी मैचों में कितने फिट रहेंगे।’’

उन्होंने कहा कि किशन को ही कप्तान बनाए रखना सनराइजर्स के सर्वोत्तम हित में होगा।

बांगड़ ने कहा, ‘‘ईशान को कप्तान बनाए रखने से खिलाड़ियों को भी अपले प्रदर्शन में निरंतरता बनाए रखने में मदद मिलेगी। मुझे लगता है कि हैदराबाद के लिए यही सही होगा।’’

इस बीच किशन ने कहा कि उनकी सफलता का राज असफलता के भय पर काबू पाना, आगे बढ़ते रहना और मैचों के बीच टीम को नए सिरे से आगे के लिए तैयार करना है।

किशन ने कहा, ‘‘इस स्तर पर, कौशल का स्तर काफी हद तक समान होता है। असली अंतर मानसिकता में आता है। मेरे लिए यह महत्वपूर्ण था कि मैं मैचों के बीच खुद को नए सिरे से कैसे तैयार करूं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘लगातार ध्यान केंद्रित रखना, जीतने की ललक रखना और मानसिक रूप से वर्तमान में रहना ही सफलता की कुंजी है। आप असफलता के डर को मन में नहीं पाल सकते। अगर ऐसा विचार मन में आए, तो उसे दूर करके सकारात्मक रहना होगा।’’

किशन ने कहा कि उनके गेंदबाजों के साथ उनका विशेष रिश्ता है।

उन्होंने कहा, ‘‘गेंदबाजों के साथ मेरा रिश्ता चीजों को सरल और सकारात्मक रखने पर आधारित है। साकिब हुसैन जैसे गेंदबाज के साथ मेरी स्वाभाविक समझ है और मैंने उनसे कहा है कि वे शांत रहें। यह टी20 क्रिकेट है। इसमें प्रत्येक गेंदबाज की धुनाई होती है। मायने यह रखता है कि आप उससे कैसे उबरते हैं।’’

भाषा

पंत

पंत


लेखक के बारे में