वनडे विश्व कप खिताब ने हमें दुनिया में कहीं भी जीतने का आत्मविश्वास दिया: हरमनप्रीत

वनडे विश्व कप खिताब ने हमें दुनिया में कहीं भी जीतने का आत्मविश्वास दिया: हरमनप्रीत

वनडे विश्व कप खिताब ने हमें दुनिया में कहीं भी जीतने का आत्मविश्वास दिया: हरमनप्रीत
Modified Date: March 25, 2026 / 04:56 pm IST
Published Date: March 25, 2026 4:56 pm IST

नयी दिल्ली, 25 मार्च (भाषा) भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने बुधवार को कहा कि पिछले साल घरेलू मैदान पर वनडे विश्व कप जीतने से टीम को दुनिया में कहीं भी और खिताब जीतने के लिए बहुत जरूरी आत्मविश्वास मिला।

भारतीय महिला टीम ने पिछले साल नवंबर में नवी मुंबई में दक्षिण अफ्रीका को हराकर अपना पहला आईसीसी खिताब जीता था। हरमनप्रीत को उम्मीद है कि 12 जून से पांच जुलाई तक ब्रिटेन में होने वाले महिला टी20 विश्व कप में भी टीम यह कारनामा दोहराने में सफल रहेगी।

द्वारका के ओमेक्स स्टेडियम में उनके सम्मान में बने स्टैंड के नामकरण समारोह के दौरान हरमनप्रीत ने कहा, ‘‘मेरा मानना ​​है कि किसी भी क्षेत्र में आपको कुछ खास करना होता है। आपको कोई खिताब जीतना होता है, तभी आपको पहचान मिलती है। ऐसा न होने पर मानो लगता है कि सारी मेहनत बेकार चली गई।’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमारी टीम ही नहीं हमसे पहले की सभी महिला क्रिकेटरों ने कड़ी मेहनत की। उन्हें तो अक्सर अपनी जेब से भी पैसे खर्च करने पड़े थे। इसलिए खिताब जीतना बहुत महत्वपूर्ण था। खिताब हासिल करने के बाद भारतीय प्रशंसकों, मीडिया और बाकी सभी से जो प्रतिक्रिया हमें मिल रही है, वह हमारे लिए बहुत मायने रखती है।’’

इस साल के टी20 विश्व कप में वनडे विश्व कप का प्रदर्शन दोहराने की उम्मीद के बारे में हरमनप्रीत ने कहा, ‘‘हम टी20 विश्व कप जीतने के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास करेंगे। वनडे विश्व कप ने हमें जरूरी आत्मविश्वास दिया है और अब हमें विश्वास है कि हम दुनिया में कहीं भी विश्व कप जीत सकते हैं।’’

भारत ने हाल ही में ऑस्ट्रेलिया का दौरा किया, जहां उसने कई प्रारूपों की श्रृंखला खेली, जिसमें तीन टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच, इतने ही वनडे मैच और एक गुलाबी गेंद का टेस्ट मैच शामिल था।

भारत यह श्रृंखला अंकों के आधार पर 4-12 से हार गया लेकिन हरमनप्रीत ने कहा कि इससे उनकी टीम को काफी कुछ सीखने को मिला।

उन्होंने कहा, ‘‘ इस तरह की बहु प्रारूप वाली श्रृंखला होनी चाहिए क्योंकि इससे आपको नयी चुनौतियों का सामना करने को मिलता है। एक सप्ताह के बाद आपको दूसरे प्रारूप में खेलना होता है इसलिए मुझे लगता है कि यह बिल्कुल अलग तरह का अनुभव है।’’

हरमनप्रीत ने कहा, ‘क्रिकेटर के तौर पर हमने कभी ऐसा अनुभव नहीं किया था। पहले हम अधिकतर टी20 या वनडे खेलते थे, लेकिन एक श्रृंखला में तीनों प्रारूप में खेलना थोड़ा चुनौती पूर्ण था।’’

हरमनप्रीत ने इसके साथ ही कहा कि इस स्टेडियम में एक स्टैंड का नाम उनके नाम पर रखे जाने से वह भावुक है।

भाषा

पंत आनन्द

आनन्द


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