वो जहरीली रात जिसने हजारों लोगों को मौत की नींद सुलाई..

वो जहरीली रात जिसने हजारों लोगों को मौत की नींद सुलाई..

वो जहरीली रात जिसने हजारों लोगों को मौत की नींद सुलाई..
Modified Date: November 29, 2022 / 08:19 pm IST
Published Date: December 2, 2017 10:37 am IST

भोपाल गैस त्रासदी के 33 साल बाद भी वो काली रात का मंज़र आज भी लोगों के ज़हन में जिंदा है. 2 दिसंबर की रात यूनियन कार्बाइड फैक्ट्री ने निकली ज़हरीली गैसों ने करीब 15 हज़ार लोगों की जिंदगी छीन ली थी.

इस त्रासदी ने भोपाल में इंसानों की वजूद को जानवरों से भी बदतर बना दिया था. इंसानी लाशे सड़कों पर पड़ी रहती थी, और वाहन उन्हें कुचलते हुए निकलते थे.

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भोपालवासी अब भी इस त्रासदी से उबर नहीं पाए हैं और वो आजतक इससे जूझ रहे हैं. गैस पीड़ित कई लोगों के जन्म लेने वाले बच्चे यहां निशक्तता का दंश झेल रहे हैं. 

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भीषण हादसे को याद करके आज भी लोगों के दिल दहल जाते हैं और आंखें भर आती है. इतने वर्षों बाद भी गैस पीड़ित उचित न्याय और सहायता की आस लगाये बैठे हैं.

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80 साल की गैस पीड़ित भूरी बाई का कहना है कि सरकार की ओर से मिलने वाली पेंशन से किसी तरह गुजारा हो जाया करता था, लेकिन अब तो सरकार ने पेंशन ही बंद कर दी है. सरकार गैस पीड़ितों को केवल धोखा दे रही है. 

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यह गैस पीड़ितों के साथ अन्याय है. वहीं भोपाल के गैस पीड़ितों का कहना है कि सरकार से जो अपेक्षाएं गैस प्रभावितों को थी वे अब तक पूरी नहीं हो पायी है. आज भी कई लोग ऐसे हैं जो पर्याप्त मुआवजे की राह देख रहे है. 

 

वेब डेस्क, IBC24


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