विधायक और समर्थकों को पहले दौड़ा-दौड़ा कर पीटा फिर किया अपराध दर्ज, दंडाधिकारी जांच के आदेश

विधायक और समर्थकों को पहले दौड़ा-दौड़ा कर पीटा फिर किया अपराध दर्ज, दंडाधिकारी जांच के आदेश

विधायक और समर्थकों को पहले दौड़ा-दौड़ा कर पीटा फिर किया अपराध दर्ज, दंडाधिकारी जांच के आदेश
Modified Date: November 29, 2022 / 07:49 pm IST
Published Date: June 20, 2018 6:23 pm IST

महासमुंद। छत्तीसगढ़ में महासमुंद के निर्दलीय विधायक विमल चोपड़ा से मारपीट और लाठी चार्ज के बाद अब पुलिस ने उनके खिलाफ ही एफआईआर दर्ज कर ली है। उन पर शांतिभंग के लिए मामला दर्ज किया गया है। जबकि लाठीचार्ज के विरोध में बुधवार को महासमुंद बंद किया गया था। जिला कलेक्टर ने इस मामले के दंडाधिकारी जांच के आदेश दिए हैं।

 

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उल्लेखनीय है कि महासमुंद के मिनी स्टेडियम में प्रैक्टिस कर रही महिला खिलाड़ियों से छेड़छाड़ से विवाद गहराया है। बताया जा रहा है कि स्टेडियम के पास अक्सर खिलाड़ियों से छेड़छाड़ होता छा, लिहाजा यहां गेट लगवा दिया गया। लेकिन कुछ लोगों ने गेट को तोड़ दिया था, जिस पर कोच अंकित लुनिया ने आपत्ति की, तो आसपास के लोगों ने कोच से बदतमीजी की। इसकी सूचना पुलिस को दी गई, तो उलटे एक पुलिस अधिकारी ने कोच को ही तमाचा जड़ दिया। लिहाजा कोच और खिलाड़ी थाने पहुंचे, लेकिन उनकी शिकायत नहीं सुनी गई। आखिर वे लोग विधायक विमल चोपड़ा के पास गए, तो विधायक उनकी शिकायत लेकर थाने पहुंचे तो पुलिस वालों ने दुर्व्यवहार किया। कहा जा रहा है कि आईपीएस उदय किरण ने उन्हें भगा दिया।

 

फिर लोगों ने मंगलवार रात 11 बजे विधायक विमल चोपड़ा के नेतृत्व में थाने का घेराव कर दिया। इस दौरान पुलिस ने भीड़ पर लाठियां बरसाईं। और लोगों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। इससे विधायक भी घायल हो गए। उनकी पीठहाथ पर चोट के कई निशान है। घायल विधायक और सिपाही को अस्पताल भेजा गया।

 

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इसके विरोध में बुधवार को महासमुंद बंद कराया गया। विधायक और उनके समर्थक आईपीएस अधिकारी के खिलाप कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। लेकिन पुलिस ने विधायक और उसके समर्थकों के खिलाप मामला दर्ज कर लिया है। विधायक ने चेतावनी दी है कि अगर अफसर के खिलाप कार्रवाई नहीं की गई तो इस्तीफा दे देंगे। उधर, मामले के बढ़ने पर एसपी ने दंडाधिकारी जांच की सिफारिश की थी, जिस पर कलेक्टर जांच के आदेश दे दिए हैं।

 

वेब डेस्क, IBC24


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