सतना के इटमा और भूमकहार सरकारी स्कूलों में छात्र छात्राओं से झाड़ू लगवाई जा रही है..बच्चे कीचड़ साफ कर रहे हैं, मवेशियों के गोबर उठा रहे हैं, स्कूल में पढ़ाने के अलावा शिक्षक शिक्षिकाएं छात्र-छात्राओं से सभी काम कराते दिख रहे हैं..पूछने पर चपरासी के स्कूल न आने की बात कह दी जाती है , जबकि हर ग्राम पंचायत में ग्राम मित्र तैनात हैं जो गांव के अलावा स्कूलों को भी साफ रखने के लिए जिम्मेदार है।
इन सभी मामलों को लेकर जब मीडिया ने जिला शिक्षाधिकारी से सवाल पूछा तो उन्होंने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया लेकिन मन की बात कैमरे में जरूर कैद हो गई…जिला शिक्षा अधिकारी का गैरजिम्मेदारना बयान देते हुये कहा कि जब पीएम मोदी जी सफाई कर सकते है तो बच्चे क्यों नही..अब ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि जब बच्चे सफाई कर सकते हैं तो स्कूल के शिक्षक क्यों नहीं।