जीवित व्यक्ति को कागजों में मृत दिखाकर पेंशन बंद करने के आरोप में तीन व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी

जीवित व्यक्ति को कागजों में मृत दिखाकर पेंशन बंद करने के आरोप में तीन व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी

जीवित व्यक्ति को कागजों में मृत दिखाकर पेंशन बंद करने के आरोप में तीन व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी
Modified Date: August 22, 2026 / 02:54 pm IST
Published Date: August 22, 2026 2:54 pm IST

बलिया (उप्र) 22 अगस्त (भाषा) उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के हल्दी थानाक्षेत्र में जीवित व्यक्ति को अभिलेखों में कथित तौर पर मृत दिखा कर रंजिश के कारण वृद्धावस्था पेंशन बंद कराने के आरोप में तत्कालीन खंड विकास अधिकारी (बीडीओ), तत्कालीन सचिव और तत्कालीन ग्राम प्रधान समेत तीन व्यक्तियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी।

पुलिस के अनुसार हल्दी थाना क्षेत्र के दोपही गांव के विष्णु दयाल दूबे (80) की तहरीर पर दुबहर क्षेत्र पंचायत के तत्कालीन खंड विकास अधिकारी, तत्कालीन सचिव प्रमोद कुमार और तत्कालीन ग्राम प्रधान मारिया गुप्ता के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 261 (सरकारी मुहर लगी सामग्री से लेखन को मिटाना) और 120 बी (आपराधिक साजिश) के तहत शुक्रवार को मामला दर्ज किया गया।

उन्होंने दर्ज प्राथमिकी का हवाला देते हुए बताया कि शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि वह गरीब व्यक्ति है व जीवित है। उन्होंने प्राथमिकी के हवाले से बताया कि शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि इस कारण से उसे वर्ष 2023 तक वृद्धावस्था पेंशन का लाभ मिलता रहा है लेकिन उसे जानकारी मिली कि उसे अभिलेखों में मृत दिखाकर उसकी वृद्धावस्था पेंशन बंद करा दी गई है।

शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि ग्राम प्रधान चुनाव में दूसरे उम्मीदवार का समर्थन करने के कारण ऐसा किया गया है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि उसके गांव के कविलाश यादव और भृगुनाथ चौबे को भी इसी रंजिश के कारण अभिलेखों में मृत दिखा दिया गया है।

बैरिया क्षेत्र के पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) आलोक गुप्ता ने शनिवार को बताया कि मामला दर्ज करके पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।

भाषा सं आनन्द रंजन अमित

अमित


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