गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर मांझे से गला कटने से व्यक्ति की मौत
गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर मांझे से गला कटने से व्यक्ति की मौत
गाजियाबाद (उप्र), 17 अगस्त (भाषा) गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर मोटरसाइकिल पर पीछे बैठे 25 वर्षीय एक व्यक्ति की मांझा (पतंग उड़ाने वाली डोर) से गला कट जाने से मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।
पुलिस ने बताया कि यह घटना 15 अगस्त को अपराह्न 2 बजे के आसपास हुई, जब रवि नाम का व्यक्ति अपने दोस्त नरेश के साथ किसी काम के लिए दिल्ली-गाजीपुर की ओर जा रहे थे।
पुलिस के मुताबिक, दोनों यूपी गेट से पहले एक पुल पार कर रहे थे, तभी अचानक पतंग की डोर रवि की गर्दन में फंस गई। पुलिस के अनुसार चूंकि मोटरसाइकिल की गति तेज थी, रस्सी ने उसके गले को गंभीर रूप से काट दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
पुलिस ने कहा कि नरेश ने मोटरसाइकिल को नियंत्रित करने में सफल रहा और उसने खून रोकने की कोशिश में रवि की गर्दन के चारों ओर गमछा बांध दिया।
पुलिस ने बताया कि घटना की सूचना राहगीरों ने पुलिस डायल-112 आपातकालीन सेवा के माध्यम से पुलिस को दी।
सहायक पुलिस आयुक्त (इंदिरापुरम) सूर्यबली मौर्य ने कहा कि खोड़ा और कौशांबी पुलिस थानों के कर्मी मौके पर पहुंचे और रवि को मैक्स अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
नोएडा के बेहरामपुर के रहने वाले रवि को इलाज के दौरान मृत घोषित कर दिया गया, जिसके बाद कौशांबी पुलिस ने पूछताछ और पोस्टमार्टम प्रक्रिया शुरू की। पुलिस ने कहा कि आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पतंग की डोर को आमतौर पर मांझा कहा जाता है और इसे अक्सर बारीक कांच के कणों या अन्य पदार्थ से लेपित सिंथेटिक या नायलॉन सामग्री का उपयोग करके बनाया जाता है। लोगों और जानवरों के लिए गंभीर खतरे के कारण प्राधिकारियों और अदालतों द्वारा इसके उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
भाषा सं जफर अमित
अमित

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