विरोध प्रदर्शनों को लेकर इंटरनेट सेवा स्थगित रहने के बीच ईरानी नागरिक विदेशों में कुछ फोन कर पाए

विरोध प्रदर्शनों को लेकर इंटरनेट सेवा स्थगित रहने के बीच ईरानी नागरिक विदेशों में कुछ फोन कर पाए

विरोध प्रदर्शनों को लेकर इंटरनेट सेवा स्थगित रहने के बीच ईरानी नागरिक विदेशों में कुछ फोन कर पाए
Modified Date: January 13, 2026 / 03:54 pm IST
Published Date: January 13, 2026 3:54 pm IST

दुबई, 13 जनवरी (एपी) ईरान में देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों पर हुई कार्रवाई के तहत इंटरनेट सेवाएं स्थगित किये जाने के बाद, लोग पहली बार मंगलवार को विदेशों में कुछ फोन कर पाए।

मानवाधिकार कार्यकर्ताओं के अनुसार, प्रदर्शन में कम से कम 646 लोग मारे गए हैं।

तेहरान में कई लोग समाचार एजेंसी ‘एसोसिएटेड प्रेस’ (एपी) को फोन कर वहां के एक पत्रकार से बात करने में सफल रहे, हालांकि बाद में दुबई स्थित ‘एपी’ ब्यूरो उन नंबरों पर फोन नहीं कर पाया।

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प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एसएमएस संदेश भेजने की सुविधा ठप है और ईरान में इंटरनेट उपयोगकर्ता सरकार द्वारा स्थानीय स्तर पर अनुमोदित वेबसाइटों से जुड़ सकते हैं, लेकिन विदेशी वेबसाइटों से नहीं।

प्रत्यक्षदर्शियों ने साढ़े चार दिन तक दुनिया से कटे रहने के दौरान ईरान की राजधानी की सड़कों पर जीवन की एक संक्षिप्त झलक पेश की। उन्होंने मध्य तेहरान में भारी सुरक्षा व्यवस्था होने की बात कही।

हेलमेट और कवच पहने दंगा-रोधी पुलिस अधिकारी लाठी, ढाल, शॉटगन और आंसू गैस के गोले लिए हुए थे। वे प्रमुख चौराहों पर निगरानी रख रहे थे। पास ही में प्रत्यक्षदर्शियों ने रिवोल्यूशनरी गार्ड के स्वयंसेवी बासिज बल के सदस्यों को देखा, जो इसी तरह के आग्नेयास्त्र और लाठी लिए हुए थे। सादे कपड़ों में सुरक्षा अधिकारी सार्वजनिक स्थानों पर भी नजर आए।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि अशांति के दौरान कई बैंक और सरकारी कार्यालय जला दिए गए। उन्होंने बताया कि एटीएम तोड़ दिए गए थे और इंटरनेट के बिना बैंकों को लेनदेन पूरा करने में कठिनाई हो रही थी।

हालांकि, दुकानें खुली थीं, लेकिन राजधानी में लोगों की आवाजाही नहीं के बराबर थी। तेहरान का ग्रैंड बाजार, जहां 28 दिसंबर को प्रदर्शन शुरू हुए थे, मंगलवार को खुलने वाला था।

एक प्रत्यक्षदर्शी ने कई दुकानदारों से बात करने का जिक्र किया, जिन्होंने बताया कि सुरक्षा बलों ने उन्हें हर हाल में दुकानें खोलने का आदेश दिया था। ईरानी सरकारी मीडिया ने इस आदेश की पुष्टि नहीं की।

कई लोग अमेरिका की संभावित सैन्य कार्रवाई को लेकर चिंतित हैं, हालांकि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान वाशिंगटन के साथ बातचीत करना चाहता है।

इस बीच, ऐसा प्रतीत हुआ कि सुरक्षाकर्मी स्टारलिंक टर्मिनलों की तलाश कर रहे थे, क्योंकि उत्तरी तेहरान में लोगों ने बताया कि अधिकारी सैटेलाइट डिश वाले अपार्टमेंट भवनों पर छापे मार रहे हैं।

हालांकि, सैटेलाइट टेलीविजन डिश अवैध हैं, लेकिन राजधानी में कई लोगों के घरों में ये लगी हुई हैं और अधिकारियों ने हाल के वर्षों में इससे संबंधित कानून को लागू करने में ढिलाई बरती है।

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने समाचार नेटवर्क ‘अल जज़ीरा’ को सोमवार को दिए एक साक्षात्कार में कहा था कि वह अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ के साथ लगातार संपर्क में हैं।

अराघची ने कहा था, ‘‘विरोध प्रदर्शनों से पहले और बाद में भी संवाद जारी है।’’

वहीं, व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा कि ईरान की सार्वजनिक बयानबाजी हाल के दिनों में तेहरान से प्रशासन को मिले निजी संदेशों से भिन्न है।

लेविट ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि राष्ट्रपति इन संदेशों पर विचार करने में रुचि रखते हैं। हालांकि, इसके साथ ही राष्ट्रपति ने यह भी प्रदर्शित किया है कि जरूरत पड़ने पर वह सैन्य विकल्पों का इस्तेमाल करने से नहीं हिचकते और ईरान से बेहतर यह बात कोई नहीं जानता।’’

एपी सुभाष वैभव

वैभव


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