पाकिस्तानी निर्माता ने रवींद्रनाथ टैगोर की लघुकथा ‘शास्ति’ पर फिल्म बनाने की घोषणा की

पाकिस्तानी निर्माता ने रवींद्रनाथ टैगोर की लघुकथा 'शास्ति' पर फिल्म बनाने की घोषणा की

पाकिस्तानी निर्माता ने रवींद्रनाथ टैगोर की लघुकथा ‘शास्ति’ पर फिल्म बनाने की घोषणा की
Modified Date: March 9, 2026 / 02:21 pm IST
Published Date: March 9, 2026 2:21 pm IST

कराची, नौ मार्च (भाषा) पाकिस्तानी निर्माता आबिद मर्चेंट ने नोबेल पुरस्कार विजेता रवींद्रनाथ टैगोर की 1893 की लघुकथा ‘‘शास्ति’’ (सज़ा) पर आधारित एक अंतरराष्ट्रीय फिल्म शुरु की है।

इस महत्वाकांक्षी परियोजना में पाकिस्तान, बांग्लादेश, अमेरिका, ब्रिटेन, हांगकांग और ऑस्ट्रेलिया के फिल्म पेशेवर शामिल होंगे। फिल्म का निर्देशन बांग्लादेशी फिल्मकार लीसा गाजी करेंगी, जिन्हें उनकी 2025 की फिल्म ‘‘ए हाउस नेम्ड शाहाना’’ के लिए जाना जाता है।

मर्चेंट ने बताया कि वह अपनी संस्था ‘सनात इनिशिएटिव’ के बैनर तले इस फिल्म का निर्माण करेंगे। फिल्म में बांग्लादेश की दो प्रमुख अभिनेत्रियाँ पोरी मोनी और चंचल चौधरी मुख्य भूमिका में हैं। साथ ही सह-लेखिका आनन सिद्दीका और ऑस्ट्रेलियाई-बंगाली अभिनेता अर्का दास भी इसमें शामिल हैं।

मर्चेंट ने कहा कि टैगोर की लघुकथा पर आधारित यह फिल्म दो भाई और उनकी पत्नियों के इर्द-गिर्द घूमती है और इसमें हत्या और अदालत का कथानक भी है। उन्होंने स्पष्ट किया, “यह कोई आर्ट-हाउस परियोजना नहीं है। यह एक व्यावसायिक फिल्म है जिसे हम कई भाषाओं में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रिलीज़ करना चाहते हैं।”

उनसे जब फिल्म में पाकिस्तानी कलाकारों की अनुपस्थिति के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, “यह फिल्म बांग्लादेश की सांस्कृतिक पृष्ठभूमि पर आधारित है, इसलिए प्रामाणिकता महत्वपूर्ण है।”

फिल्म की पटकथा के पहले और दूसरे मसौदे पूरे हो चुके हैं और वर्तमान में संवाद लेखन व अंतिम संशोधन चल रहे हैं। फिल्म के बजट पर चर्चा भी अंतिम चरण में है।

रिपोर्ट के अनुसार, फिल्म में ‘इन्फ्लुएंसर’ लकी की रहस्यमयी मौत और उसकी बहन मीरा के संदेह के दायरे में होने को दिखाया जाएगा।

फिल्म के निर्माण से पहले की प्रक्रिया सितंबर में शुरू होगी और अक्टूबर-नवंबर में ढाका में शूटिंग की योजना है।

मर्चेंट की पिछली फिल्म ‘‘वाखरी’’ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आई और इसे सिनेमाघरों में प्रदर्शित किया गया, लेकिन इसका वैश्विक प्रदर्शन सीमित रहा। उनके 2020 के ड्रामा ‘‘आई विल मीट यू देयर’’ को “इस्लाम विरोधी” बता पाकिस्तान ने अपने यहां प्रतिबंध लगा दिया था।

भाषा मनीषा सुभाष

सुभाष


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