अमेरिका-इजराइल के हमलों और ईरान के पलटवार के कारण खाड़ी क्षेत्र में हवाई यातायात बंद, अव्यवस्था बढ़ी

अमेरिका-इजराइल के हमलों और ईरान के पलटवार के कारण खाड़ी क्षेत्र में हवाई यातायात बंद, अव्यवस्था बढ़ी

अमेरिका-इजराइल के हमलों और ईरान के पलटवार के कारण खाड़ी क्षेत्र में हवाई यातायात बंद, अव्यवस्था बढ़ी
Modified Date: March 2, 2026 / 11:28 pm IST
Published Date: March 2, 2026 11:28 pm IST

लंदन, दो मार्च (एपी) ईरान पर अमेरिका और इजराइल द्वारा निरंतर की जा रही बमबारी के कारण वैश्विक स्तर पर उड़ान संचालन में अव्यवस्था सोमवार को बढ़ गई। ईरान ने भी पश्चिम एशिया में अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाकर हमले किए, जिसके चलते हवाई अड्डे बंद कर दिए गए और कई जगहों पर यात्री फंस गए।

विभिन्न देश शनिवार को संघर्ष के शुरू होने के बाद अपने नागरिकों को वापस लाने के लिए जद्दोजहद कर रहे हैं। पर्यटक, व्यापारिक यात्री और धार्मिक तीर्थयात्री होटल, हवाई अड्डों और क्रूज जहाजों पर फंसे हुए हैं। अभी यह पता नहीं है कि हवाई अड्डे कब खुलेंगे या पश्चिम एशिया से उड़ानें कब शुरू होंगी।

दुबई, अबू धाबी और दोहा के हवाई अड्डे ईरानी हमलों के कारण बंद हैं। दुबई में एमिरेट्स एयरलाइन ने कहा कि वह सोमवार शाम को ‘सीमित संख्या में उड़ानें’ फिर से शुरू करेगी। इससे पहले उसने कहा था कि मंगलवार को स्थानीय समयानुसार अपराह्न तीन बजे तक उड़ानें निलंबित रहेंगी।

एमिरेट्स ने कहा, ‘हम पहले से बुकिंग करने वाले ग्राहकों को प्राथमिकता दे रहे हैं और यात्रियों से अपील है की कि जब तक उन्हें सूचित नहीं किया जाए, वे हवाई अड्डे न जाएं।

दोहा स्थित कतर एयरवेज ने सोमवार को कहा कि उसकी उड़ानें निलंबित हैं, और अगली अद्यतन सूचना मंगलवार सुबह दी जाएगी।

उड़ानों पर नजर रखने वाली फ्लाइट रडार ने ‘एक्स’ पर कहा कि अबू धाबी स्थित एतिहाद एयरवेज के 15 विमान ‘तीन घंटे के अंदर’ उड़ान भर चुके हैं।

एतिहाद एयरवेज ने पहले भी मंगलवार दोपहर तक उड़ानें रोक दी थीं और जायेद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर परिचालन निलंबित कर दिया था।

जॉर्डन ने अपने हवाई क्षेत्र आंशिक रूप से बंद करने की घोषणा की, जिसके बाद यह उड़ान संकट और बढ़ गया।

सऊदी अरब में 58,000 से अधिक इंडोनेशियाई नागरिक फंसे हुए हैं, जो रमजान के दौरान उमरा के लिए मक्का और मदीना जा रहे थे।

इंडोनेशिया के हज और उमरा मंत्रालय के प्रवक्ता इचसान मार्शा ने कहा, ‘यह एक ऐसा मानवीय और रसद संबंधी मुद्दा बन गया है, जिसमें तत्काल हस्तक्षेप की आवश्यकता है।’

मंत्रालय सऊदी अधिकारियों, एयरलाइनों और इंडोनेशियाई यात्रा ऑपरेटरों के साथ मिलकर वैकल्पिक हवाई मार्गों या पुनः निर्धारित उड़ानों की व्यवस्था कर रहा है।

लगभग 30,000 जर्मन पर्यटक इस समय पश्चिम एशिया में क्रूज जहाजों, होटलों या बंद हवाई अड्डों पर फंसे हुए हैं और संघर्ष के कारण घर वापस नहीं जा पा रहे हैं।

जर्मन विदेश मंत्री जोहान वेडेफुल ने रविवार देर रात कहा कि हवाई क्षेत्र के बंद होने के कारण सेना की मदद से निकासी संभव नहीं है, और सरकार लोगों को वापस लाने के लिए अन्य विकल्पों पर विचार कर रही है।

चेक गणराज्य के प्रधानमंत्री एंड्रज बाबिस ने कहा कि चेक नागरिकों को घर लाने के लिए दो विमान मिस्र और जॉर्डन भेजे जा रहे हैं। एक विमान मिस्र के शर्म अल शेख शहर से उन 79 चेक नागरिकों को लाएगा, जो इजराइल से लौटना चाहते हैं। वे बस में सवार होकर इजराइल से मिस्र पहुंच रहे हैं।

दूसरा विमान जॉर्डन की राजधानी अम्मान से चेक नागरिकों को लेकर आएगा। बाबिस ने कहा कि इस क्षेत्र में लगभग 6,700 चेक नागरिक मौजूद हैं।

ब्रिटेन विदेश मंत्री इवेट कूपर ने कहा कि ब्रिटेन पश्चिम एशिया में फंसे ब्रिटिश नागरिकों की संभावित निकासी से जुड़े सभी विकल्पों पर काम कर रहा है।

कूपर ने स्काई न्यूज से बात करते हुए कहा, ‘हम मदद के लिए व्यवस्था बना रहे हैं।’

इंडोनेशिया के बाली अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे ने कहा कि सोमवार दोपहर तक कम से कम 15 उड़ानें रद्द की गईं।

हवाई अड्डे के प्रवक्ता गेडे एका संडी असमादी ने कहा कि इन व्यवधान के कारण 3,197 यात्री प्रभावित हुए।

एयर फ्रांस ने तेल अवीव, बेरूप, दुबई और रियाद आने-जाने वाली उड़ानें रद्द कर दीं। इसके अलावा एयर इंडिया ने भी उड़ान निलंबित कर दीं और यात्रा से संबंधित परामर्श जारी किया।

एपी जोहेब सुभाष

सुभाष


लेखक के बारे में