डिजिटल सिस्टम के जरिए हर कार्यकर्ता को सीधे नेतृत्व से जोड़ेंगे: कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष

डिजिटल सिस्टम के जरिए हर कार्यकर्ता को सीधे नेतृत्व से जोड़ेंगे: कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष

डिजिटल सिस्टम के जरिए हर कार्यकर्ता को सीधे नेतृत्व से जोड़ेंगे: कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष
Modified Date: April 17, 2026 / 10:15 pm IST
Published Date: April 17, 2026 10:15 pm IST

पटना, 17 अप्रैल (भाषा) बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी (बीपीसीसी) के अध्यक्ष राजेश राम ने संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक मजबूत, पारदर्शी एवं जवाबदेह बनाने के उद्देश्य से ‘‘सृजन साथी जनसंपर्क अभियान’’ नामक विशेष डिजिटल अभियान शुरू करने की शुक्रवार को घोषणा की।

राजेश राम ने कहा कि इस अभियान का मुख्य लक्ष्य पार्टी नेतृत्व और संगठनात्मक पदों को सीधे जमीनी कार्यकर्ताओं तथा आम जनता से जोड़ना है, ताकि संगठनात्मक ढांचा अधिक सशक्त और लोकतांत्रिक बन सके।

बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्यालय सदाकत आश्रम में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में राजेश राम ने कहा कि इस अभियान के तहत इच्छुक लोग ‘‘सृजन साथी’’ के रूप में पंजीकरण कर कांग्रेस की विचारधारा और संगठनात्मक गतिविधियों से जुड़ सकेंगे।

उन्होंने बताया कि ‘‘सृजन साथी’’ बनने के लिए आवेदक का बिहार का पंजीकृत मतदाता होना और उसकी आयु न्यूनतम 18 वर्ष होना अनिवार्य है। साथ ही, आवेदक किसी अन्य राजनीतिक दल का सदस्य नहीं होना चाहिए तथा पार्टी के संविधान व विचारधारा में उसका पूर्ण विश्वास होना चाहिए।

उन्होंने कहा कि इस जनसंपर्क अभियान के तहत 50 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है, जिसकी वैधता सामान्यतः पांच वर्ष तक रहेगी।

उन्होंने कहा कि अभियान के माध्यम से पार्टी ने संगठनात्मक पदों के लिए भी स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित किए है जिसके तहत बिहार के सभी 53 संगठनात्मक जिलों के जिला अध्यक्षों को अभियान की पूरी जिम्मेदारी दी गई है।

कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रत्येक जिला अध्यक्ष को स्वयं 2,000 ‘‘सृजन साथी’’ बनाने होंगे और अपने जिले में ब्लॉक एवं प्रदेश स्तर के दावेदारों द्वारा तय लक्ष्यों की निगरानी करनी होगी।

इसी प्रकार, ब्लॉक अध्यक्ष पद के दावेदारों के लिए कम से कम 200 ‘‘सृजन साथी’’ बनाना अनिवार्य किया गया है, वहीं प्रदेश उपाध्यक्ष पद के दावेदार को 3,000, महासचिव पद के दावेदार को 2,000, प्रदेश सचिव पद के दावेदार को 1,000 और जिला स्तर पर पदाधिकारी बनने के इच्छुक व्यक्ति को 200 ‘‘सृजन साथी’’ बनाने होंगे।

उन्होंने इस अभियान में महिला, अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी), आर्थिक रूप से पिछड़ा वर्ग (ईबीसी), अल्पसंख्यक, अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) तथा दिव्यांग वर्ग के लिए आरक्षण की व्यवस्था की गई है।

प्रदेश कांग्रेस और अन्य सभी समितियों के संगठनात्मक ढांचे में 50 प्रतिशत सदस्य 50 वर्ष से कम आयु के होंगे, ताकि युवाओं और नए लोगों को पर्याप्त अवसर मिल सके।

कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि ‘‘सृजन साथी जनसंपर्क अभियान’’ संगठन को डिजिटल रूप से मजबूत बनाने के साथ-साथ कार्यकर्ताओं को सीधे नेतृत्व से जोड़ने का प्रभावी माध्यम बनेगा।

भाषा कैलाश खारी

खारी


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