कनाडा के उद्योग प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश में निवेश संभावनाओं में दिलचस्पी दिखाई

कनाडा के उद्योग प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश में निवेश संभावनाओं में दिलचस्पी दिखाई

कनाडा के उद्योग प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश में निवेश संभावनाओं में दिलचस्पी दिखाई
Modified Date: January 5, 2026 / 10:27 pm IST
Published Date: January 5, 2026 10:27 pm IST

लखनऊ, पांच जनवरी (भाषा) कनाडा के एक उद्योग प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को उत्तर प्रदेश में आतिथ्य, वैश्विक क्षमता केंद्र (जीसीसी), आईटी एवं आईटीईएस और दवा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर अधिकारियों के साथ चर्चा की।

कैनेडियन हिंदू चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स (सीएचसीसी) के 24-सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने अपने दौरे के दूसरे दिन ‘इन्वेस्ट यूपी’ कार्यालय का दौरा भी किया।

एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, सीएचसीसी के संस्थापक अध्यक्ष नरेश कुमार चावड़ा के नेतृत्व में आए प्रतिनिधिमंडल ने आतिथ्य, जीसीसी, आईटी एवं आईटीईएस, दवा, वाहन और वस्त्र एवं परिधान क्षेत्रों में संभावित निवेश पर चर्चा की।

 ⁠

बैठक में ‘इन्वेस्ट यूपी’ की टीम ने उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से पूर्ण सहयोग का आश्वासन देते हुए राज्य के निवेशक-अनुकूल परिवेश को रेखांकित किया। टीम ने नई परियोजनाओं एवं व्यवसाय विस्तार के लिए भूमि की उपलब्धता का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य बड़े पैमाने पर घरेलू एवं विदेशी निवेश को समाहित करने के लिए तैयार है।

बयान के मुताबिक, प्रतिनिधिमंडल को राज्य के प्रमुख औद्योगिक विकास केंद्रों एवं क्लस्टरों का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया, जिसमें केमिकल एवं फार्मा पार्क, गोरखपुर में स्वीकृत प्लास्टिक पार्क तथा कन्नौज में स्थापित परफ्यूम पार्क शामिल हैं।

इसके अलावा गाजियाबाद, लखनऊ, कानपुर नगर, गोरखपुर एवं हापुड़ में विकसित फार्मा क्लस्टरों की जानकारी भी साझा की गई। अधिकारियों ने बुंदेलखंड औद्योगिक क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों को भी रेखांकित किया।

बैठक के दौरान अन्य प्रमुख विनिर्माण क्लस्टरों, टेक्सटाइल पार्क, डिफेंस कॉरिडोर, ईएसडीएम क्लस्टरों तथा अयोध्या, प्रयागराज, वाराणसी, कुशीनगर एवं श्रावस्ती के प्रमुख पर्यटन परिपथों पर भी चर्चा की गई।

इन्वेस्ट यूपी की अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी प्रेरणा शर्मा ने कनाडाई निवेशकों से उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा में सक्रिय भागीदारी की अपील की।

सीएचसीसी के प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश विधान सभा के अध्यक्ष सतीश महाना से शिष्टाचार भेंट भी की। इस दौरान महाना ने विधान सभा में आधुनिकीकरण के प्रयासों, डिजिटल कायाकल्प, ई-विधान प्रणाली तथा पारदर्शिता एवं सुशासन को सुदृढ़ करने के लिए उठाए गए विभिन्न कदमों की जानकारी दी।

प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने कहा कि कार्य संस्कृति, तकनीकी नवाचार और विधायी दक्षता के लिहाज से उत्तर प्रदेश विधान सभा कनाडा की कई विधायी संस्थाओं से भी अधिक प्रभावशाली, सशक्त और अनुकरणीय प्रतीत होती है।

इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल को विधान सभा परिसर का विस्तृत भ्रमण कराया गया, जिसमें सदन की कार्यप्रणाली, विधायी प्रक्रियाओं तथा संस्थागत ढांचे से अवगत कराया गया।

प्रतिनिधिमंडल ने रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भी मुलाकात की थी।

भाषा आनन्द नोमान प्रेम

प्रेम


लेखक के बारे में