इमर्जेंट 13 करोड़ डॉलर के वित्तपोषण के साथ ‘यूनिकॉर्न’ कंपनी बनी

इमर्जेंट 13 करोड़ डॉलर के वित्तपोषण के साथ 'यूनिकॉर्न' कंपनी बनी

इमर्जेंट 13 करोड़ डॉलर के वित्तपोषण के साथ ‘यूनिकॉर्न’ कंपनी बनी
Modified Date: July 15, 2026 / 10:23 pm IST
Published Date: July 15, 2026 10:23 pm IST

नयी दिल्ली, 15 जुलाई (भाषा) कृत्रिम मेधा (एआई) आधारित सॉफ्टवेयर निर्माण मंच ‘इमर्जेंट’ ने क्रिएजिस के नेतृत्व में 13 करोड़ डॉलर (करीब 1,240 करोड़ रुपये) का नया वित्तपोषण जुटाया है।

इसके साथ ही इस कंपनी का मूल्यांकन 1.5 अरब डॉलर तक पहुंच गया है और वह एक अरब डॉलर से अधिक मूल्यांकन वाली कंपनी यानी ‘यूनिकॉर्न’ बन गई है। कंपनी ने यह मुकाम अपनी शुरुआत के एक साल के भीतर ही हासिल कर लिया है।

सैन फ्रांसिस्को स्थित मुख्यालय वाली इस स्टार्टअप कंपनी के करीब 200 कर्मचारियों में से 95 प्रतिशत भारत में कार्यरत हैं।

सीरीज-सी दौर के इस वित्तपोषण के साथ कंपनी द्वारा अब तक जुटाई गई कुल पूंजी 23 करोड़ डॉलर हो गई है। इस दौर में एमएनआई वेंचर्स (क्लेपॉन्ड कैपिटल) और सेंटिनल ग्लोबल ने सह-निवेशक के रूप में भाग लिया, जबकि खोसला वेंचर्स, सॉफ्टबैंक विजन फंड-2, लाइटस्पीड और वाई कॉम्बिनेटर ने भी निवेश किया।

कंपनी का मूल्यांकन महज चार महीनों में पांच गुना बढ़ा है। इससे पहले जनवरी में सीरीज-बी दौर में सात करोड़ डॉलर जुटाने के समय इसका मूल्यांकन करीब 30 करोड़ डॉलर था।

साल 2025 के मध्य में शुरू हुई इमर्जेंट एआई आधारित सेवा देती है, जिससे उद्यमी, छोटे और मझोले व्यवसाय तथा गैर-तकनीकी उपयोगकर्ता बिना कोडिंग ज्ञान के सीआरएम, ईआरपी और अन्य कारोबारी सॉफ्टवेयर तैयार कर सकते हैं।

इमर्जेंट के सह-संस्थापक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) मुकुंद झा ने कहा कि अगले छह से आठ महीनों में कंपनी अपनी प्रौद्योगिकी टीम का आकार दोगुना करने की योजना बना रही है।

कंपनी ने कहा कि उसके मंच पर अब तक 1.2 करोड़ से अधिक एप्लिकेशन तैयार किए जा चुके हैं, जिनमें से एक लाख से अधिक वास्तविक उपयोग में हैं और रोजाना इस्तेमाल किए जा रहे हैं।

भाषा प्रेम प्रेम अजय

अजय


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