गोयल 200 सदस्यीय कारोबारी प्रतिनिधिमंडल के साथ जापान जाएंगे

गोयल 200 सदस्यीय कारोबारी प्रतिनिधिमंडल के साथ जापान जाएंगे

गोयल 200 सदस्यीय कारोबारी प्रतिनिधिमंडल के साथ जापान जाएंगे
Modified Date: August 23, 2026 / 05:18 pm IST
Published Date: August 23, 2026 5:18 pm IST

तोक्यो, 23 अगस्त (भाषा) वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल 24 अगस्त से जापान की चार दिवसीय यात्रा पर 200 सदस्यीय कारोबारी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करेंगे। इस दौरान दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश संबंधों को बढ़ावा देने के तरीकों पर चर्चा होगी।

जापान ने पिछले वर्ष भारत में एक दशक के दौरान 10 लाख करोड़ येन (करीब 60,000 करोड़ रुपये) के निवेश का लक्ष्य तय किया था। ऐसे में गोयल की यात्रा को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

गोयल तोक्यो, नागोया और ओसाका का दौरा करेंगे। उद्योग मंडल फिक्की की महानिदेशक ज्योति विज ने संवाददाताओं से कहा कि प्रतिनिधिमंडल में विनिर्माण, सेमीकंडक्टर, स्वच्छ ऊर्जा और इस्पात से लेकर वाहन, वित्तीय सेवाओं, स्वास्थ्य सेवा और स्टार्टअप क्षेत्रों के प्रतिनिधि शामिल हैं।

तोक्यो में गोयल जापान के प्रमुख कारोबारी समूहों और औद्योगिक घरानों के शीर्ष नेतृत्व के साथ बैठक करेंगे। इसके अलावा वह जापान के कीडानरेन (जापान के व्यावसायिक महासंघ) के साथ बैठक करेंगे, जिसमें जापान की 1,500 से अधिक प्रमुख कंपनियां शामिल हैं।

सेमीकंडक्टर और कृत्रिम मेधा (एआई), स्टार्टअप तथा विदेशी संस्थागत निवेशकों के साथ बातचीत के लिए भी विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे।

गोयल जापान के अर्थव्यवस्था, व्यापार एवं उद्योग मंत्री अकाजावा रयोसेई के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। इसके अलावा वह जापान सरकार और संसद के वरिष्ठ सदस्यों से मुलाकात करेंगे तथा वहां भारतीय समुदाय के साथ संवाद करेंगे।

नागोया में गोयल चुबू जापान आर्थिक महासंघ (चुकेरेन) और नागोया वाणिज्य एवं उद्योग मंडल के साथ निवेशक बैठक करेंगे। वह आइची प्रांत के नेतृत्व और वाहन तथा इस्पात क्षेत्रों के प्रमुख विनिर्माण निवेशकों से भी बातचीत करेंगे।

यात्रा का समापन ओसाका में निवेशक और कारोबारी बैठक के साथ होगा। वहां इलेक्ट्रॉनिक्स, औद्योगिक और उपभोक्ता क्षेत्र की प्रमुख जापानी कंपनियों के साथ बैठकें होंगी। इन बैठकों में भारत के विनिर्माण, स्वच्छ ऊर्जा और उपभोक्ता बाजारों में उपलब्ध अवसरों को रेखांकित किया जाएगा।

वाणिज्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि इस यात्रा से दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश संबंधों को नई गति मिलने तथा उच्च प्रौद्योगिकी वाले विनिर्माण और नई पीढ़ी के उद्योगों में सहयोग के नए अवसर खुलने की उम्मीद है।

भाषा योगेश पाण्डेय

पाण्डेय


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