नयी दिल्ली, 17 सितंबर (भाषा) जर्मनी की प्रमुख सेमीकंडक्टर कंपनी इन्फिनियॉन टेक्नोलॉजीज के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) योखन हैनेबेक ने भारत को ‘‘बेहद महत्वपूर्ण’’ बाजार बताते हुए कहा कि देश का चिप परिवेश एक नए और रोमांचक दौर में प्रवेश कर रहा है। इसके पीछे आर्थिक वृद्धि, उद्योग के विस्तार की महत्वाकांक्षाएं और बढ़ती प्रौद्योगिकी क्षमताएं प्रमुख आधार हैं।
‘सेमीकॉन इंडिया 2026’ के उद्घाटन सत्र में बोलते हुए हैनेबेक ने कहा कि भारत में कंपनी का भरोसा ‘‘कभी इतना मजबूत नहीं रहा’’ और देश वैश्विक सेमीकंडक्टर मूल्य श्रृंखला में अपनी भूमिका को मजबूत कर रहा है।
हैनेबेक ने कहा, ‘‘इन्फिनियॉन के लिए भारत बेहद महत्वपूर्ण बाजार है। आज हम देशभर में 1,200 से अधिक ग्राहकों के साथ काम करते हैं, जिनमें स्टार्टअप से लेकर भारत की कुछ सबसे बड़ी और सफल कंपनियां शामिल हैं।’’
उन्होंने कहा कि उन्हें सबसे अधिक प्रभावित करने वाली बात देश में तेजी से हो रही प्रगति है। भारत अपने बाजार के लिए प्रौद्योगिकी समाधान विकसित करने के साथ-साथ वैश्विक स्तर पर नवाचार में भी लगातार योगदान दे रहा है।
म्यूनिख मुख्यालय वाली यह कंपनी 25 साल से अधिक समय से भारत में काम कर रही है। उसने पिछले एक साल में देश में अपने कर्मचारियों की संख्या 28 प्रतिशत बढ़ाई है जिससे अहमदाबाद, बेंगलुरु और हैदराबाद में उसके कर्मचारियों की कुल संख्या 2,800 से अधिक हो गई है।
हैनेबेक ने कंपनी के बढ़ते विस्तार के बारे में बताया कि इन्फिनियॉन ने अहमदाबाद में अपने वैश्विक क्षमता केंद्र (जीसीसी) का विस्तार किया है, हैदराबाद में अनुसंधान एवं विकास (आरएंडडी) गतिविधियों को मजबूत किया है और बेंगलुरु में अत्याधुनिक नया परिसर स्थापित कर रही है।
उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में सफलता अकेले हासिल नहीं की जा सकती। टिकाऊ चिप परिवेश के लिए उद्योग, सरकार और शिक्षा जगत के बीच मजबूत साझेदारी जरूरी है।
प्रतिभाओं के विकास में सहयोग के लिए उन्होंने बताया कि इन्फिनियॉन ने राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईईएलआईटी) के साथ साझेदारी की है। इसके तहत उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किया जाएगा, जिसका उद्देश्य अगली पीढ़ी के इंजीनियरों को उद्योग के लिए तैयार कौशल से लैस करना है।
भाषा निहारिका मनीषा
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