मिजोरम ने दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए एनडीडीबी से मिलाया हाथ

मिजोरम ने दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए एनडीडीबी से मिलाया हाथ

मिजोरम ने दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए एनडीडीबी से मिलाया हाथ
Modified Date: January 23, 2026 / 02:13 pm IST
Published Date: January 23, 2026 2:13 pm IST

आइजोल, 23 जनवरी (भाषा) मिजोरम में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए मिजोरम मिल्क प्रोड्यूसर्स कोऑपरेटिव यूनियन लिमिटेड (एमयूएलसीओ) ने राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (एनडीडीबी) के साथ एक समझौता किया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि मिजोरम के दुग्ध क्षेत्र को संरचित और प्रौद्योगिकी-आधारित बढ़ावा देने के उद्देश्य से समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर मुख्यमंत्री लालदुहोमा और राज्य के सहकारिता मंत्री पीसी वनलालरुआता की उपस्थिति में बृहस्पतिवार को हस्ताक्षर किया गया।

समझौता ज्ञापन पर राज्य के सहकारिता सचिव उदित राय प्रकाश, एनडीडीबी के कार्यकारी निदेशक एस. राजीव और एमयूएलसीओ की प्रबंध निदेशक लालह्मुनलियानी ने हस्ताक्षर किए।

अधिकारियों के अनुसार, यह समझौता सहकारिता मंत्रालय की प्रमुख योजना ‘श्वेत क्रांति 2.0’ के अनुरूप मिजोरम में दुग्ध विकास प्रयासों को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

समझौते के तहत एनडीडीबी, ‘श्वेत क्रांति 2.0’ के लक्ष्यों के अनुरूप मिजोरम के लिए एक व्यापक दुग्ध विकास योजना तैयार करेगा। साथ ही सभी आवश्यक क्षेत्रों में प्रौद्योगिकी सहयोग और सहायता प्रदान करेगा जबकि राज्य में योजना के क्रियान्वयन की जिम्मेदारी एमयूएलसीओ की होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह समझौता मिजोरम में दूध उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ पशुपालक किसानों की आजीविका एवं आय में सुधार करने में सहायक होगा।

उन्होंने कहा कि मिजो समुदाय पारंपरिक रूप से पशुपालन से जुड़ा रहा है और राज्य में पशुपालन के लिए उपयुक्त भूमि संसाधन उपलब्ध हैं।

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार वित्त वर्ष 2024-25 में मिजोरम में पूर्वोत्तर राज्यों में सबसे कम दैनिक दुग्ध उत्पादन दर्ज किया था जो प्रतिदिन 64,400 किलोग्राम रहा था।

भाषा

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