कमजोर वैश्विक संकेतों और मुद्रास्फीति चिंताओं के कारण चांदी वायदा कीमतों में गिरावट

कमजोर वैश्विक संकेतों और मुद्रास्फीति चिंताओं के कारण चांदी वायदा कीमतों में गिरावट

कमजोर वैश्विक संकेतों और मुद्रास्फीति चिंताओं के कारण चांदी वायदा कीमतों में गिरावट
Modified Date: June 4, 2026 / 07:30 pm IST
Published Date: June 4, 2026 7:30 pm IST

नयी दिल्ली, चार जून (भाषा) कमजोर वैश्विक रुख तथा कच्चेतेल की ऊंची दरों के कारण केन्द्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचा बनाये रखने की चिंताओं के बीच बृहस्पतिवार को वायदा कारोबार में चांदी की कीमत 621 रुपये की गिरावट के साथ 2.62 लाख रुपये प्रति किग्रा रह गया।

मल्टी कमोडिटी एक्स्चेंज में चांदी के जुलाई महीने में डिलीवरी वाले अनुबंध की कीमत 621 रुपये यानी 0.24 प्रतिशत की गिरावट के साथ 2,62,337 रुपये प्रति किलोग्राम रह गया। इसमें 11,830 लॉट का कारोबार हुआ।

विश्लेषकों ने कहा कि चांदी की कीमतों में गिरावट की वजह यह रही कि पश्चिम एशिया में फिर से बढ़े तनाव ने ऊर्जा बाजारों को अनिश्चितता में डाल दिया है, जिससे यह चिंता बनी हुई है कि तेल की कीमतें वैश्विक मुद्रास्फीति को बढ़ा सकती हैं और दुनिया के प्रमुख केंद्रीय बैंकों द्वारा मौद्रिक नीति में किसी भी तरह की ढील देने में देरी कर सकती हैं।

वैश्विक स्तर पर, न्यूयॉर्क में जुलाई डिलीवरी के लिए कॉमेक्स चांदी वायदा 0.55 प्रतिशत टूटकर 73.28 डॉलर प्रति औंस रह गया।

भाषा राजेश राजेश

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