टेलीग्राम की भारत में वापसी, अस्थायी प्रतिबंध समाप्त; गूगल के प्ले स्टोर पर ऐप बहाल

टेलीग्राम की भारत में वापसी, अस्थायी प्रतिबंध समाप्त; गूगल के प्ले स्टोर पर ऐप बहाल

टेलीग्राम की भारत में वापसी, अस्थायी प्रतिबंध समाप्त; गूगल के प्ले स्टोर पर ऐप बहाल
Modified Date: June 23, 2026 / 01:06 pm IST
Published Date: June 23, 2026 1:06 pm IST

नयी दिल्ली, 23 जून (भाषा) संदेश ऐप टेलीग्राम की सेवाएं मंगलवार को भारत में बहाल हो गईं। एक सप्ताह का सरकारी प्रतिबंध समाप्त होने के बाद सेवाएं बहाल हुईं।

यह ऐप गूगल प्ले स्टोर पर दोबारा उपलब्ध हो गया, हालांकि कुछ घंटों तक यह एप्पल के ऐप स्टोर पर उपलब्ध नहीं था।

कुछ मौजूदा उपयोगकर्ताओं के लिए ऐप मंगलवार सुबह चालू हो गया था, जबकि दोपहर करीब 12 बजे तक यह ऐप एप्पल के ऐप स्टोर से हटा हुआ था। एप्पल ने इस पर तुरंत कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।

एप्पल आईफोन के मौजूदा उपयोगकर्ता हालांकि संदेश सेवा का उपयोग कर पा रहे हैं।

सरकार ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) की पुनर्परीक्षा का पर्चा लीक होने से रोकने के उद्देश्य से गूगल और एप्पल को 22 जून तक टेलीग्राम ऐप को अपने ऐप स्टोर से हटाने के निर्देश दिए हैं।

टेलीग्राम ने इस अस्थायी प्रतिबंध को दिल्ली उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी। हालांकि, अदालत ने शुक्रवार को कहा कि यह प्रतिबंध वैध, संतुलित और परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए आवश्यक है। अदालत ने यह भी खारिज कर दिया कि सरकार ने मनमाने ढंग से कार्रवाई की।

सूत्रों के अनुसार, सरकार के आदेश में कोई विस्तार या संशोधन नहीं किया गया।

यह परीक्षा राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (एनटीए) द्वारा देशभर के स्नातक चिकित्सा संस्थानों में प्रवेश के लिए आयोजित की जाती है। एजेंसी ने तीन मई को हुई पिछली परीक्षा को प्रश्न पत्र लीक के आरोपों के बाद रद्द कर दिया था।

इसके अलावा, अलग निर्देश में टेलीग्राम से 30 जून तक भारत में पहले से भेजे गए संदेशों के संपादन की सुविधा बंद करने को कहा गया है ताकि ‘प्रश्न पत्र लीक’ से जुड़े मामलों में साक्ष्यों के दुरुपयोग को रोका जा सके।

प्रतिबंध लगाने से पहले तीन जून को सरकारी अधिकारियों ने टेलीग्राम के प्रतिनिधियों से मुलाकात की थी, जहां इन चिंताओं का उल्लेख किया गया था।

नीट की पुनर्परीक्षा 21 जून को आयोजित की गई थी और अब तक किसी भी धोखाधड़ी की कोई खबर नहीं मिली है।

टेलीग्राम के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) पावेल ड्यूरोव ने भारत के आईटी मंत्रालय द्वारा एक सप्ताह के लिए टेलीग्राम पर प्रतिबंध लगाने की आलोचना की थी और कहा था कि यह प्रतिबंध प्रश्न पत्र को लीक होने से नहीं रोकेगा।

ड्यूरोव ने साथ ही आरोप लगाया कि रिलायंस समूह ने व्हाट्सऐप के साथ मिलकर भारत में ऐप पर प्रतिबंध के लिए शायद पैरवी की है।

उन्होंने भारतीय दूरसंचार कंपनी रिलायंस पर ‘बॉर्डर गेटवे प्रोटोकॉल (बीजीपी) हाइजैकिंग’ के जरिये संयुक्त अरब अमीरात सहित भारत के बाहर लाखों उपयोगकर्ताओं के लिए टेलीग्राम तक पहुंच में बाधा डालने का भी आरोप लगाया था।

मेटा की रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की डिजिटल इकाई जियो में मामूली हिस्सेदारी है। वहीं समुद्र के भीतर केबल का संचालन एक अन्य समूह कंपनी रिलायंस कम्युनिकेशंस करती है, जो रिलायंस इंडस्ट्रीज का हिस्सा नहीं है।

रिलायंस जियो ने हालांकि, इन आरोपों को सख्ती से खारिज करते हुए कहा कि उसका नेटवर्क वैश्विक ‘रूटिंग’ मानकों के अनुरूप काम करता है। दूरसंचार क्षेत्र के सूत्रों ने भी कहा था कि ड्यूरोव ने कंपनियों को लेकर भ्रमित बयान दिया है।

यह अस्थायी प्रतिबंध भारत द्वारा किसी बड़े संदेश मंच के खिलाफ की गई सबसे व्यापक कार्रवाइयों में से एक था, जो परीक्षा से जुड़ी धोखाधड़ी तथा ऑनलाइन गलत सूचना को लेकर बढ़ती नियामकीय सख्ती को दर्शाता है।

भाषा निहारिका मनीषा

मनीषा


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