छत्तीसगढ़ में राज्यसभा चुनाव:भाजपा की लक्ष्मी वर्मा, कांग्रेस की फूलो देवी नेताम ने पर्चा दाखिल किया

छत्तीसगढ़ में राज्यसभा चुनाव:भाजपा की लक्ष्मी वर्मा, कांग्रेस की फूलो देवी नेताम ने पर्चा दाखिल किया

छत्तीसगढ़ में राज्यसभा चुनाव:भाजपा की लक्ष्मी वर्मा, कांग्रेस की फूलो देवी नेताम ने पर्चा दाखिल किया
Modified Date: March 5, 2026 / 04:20 pm IST
Published Date: March 5, 2026 4:20 pm IST

रायपुर, पांच मार्च (भाषा) छत्तीसगढ़ की दो राज्यसभा सीट के लिए सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के उम्मीदवारों ने बृहस्पतिवार को अपना नामांकन पत्र दाखिल किया।

विधानसभा के अधिकारियों ने बताया कि भाजपा उम्मीदवार लक्ष्मी वर्मा और कांग्रेस प्रत्याशी फूलो देवी नेताम ने राज्यसभा चुनाव के लिए विधानसभा में आज अपना नामांकन पत्र दाखिल किया।

वर्मा के नामांकन पत्र दाखिल करने के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण देव, पार्टी की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सरोज पांडे, साय मंत्रिमंडल के सदस्य, सांसद और विधायक मौजूद थे।

नेताम के साथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, विधानसभा में विपक्ष के नेता चरण दास महंत और पार्टी के दूसरे नेता मौजूद थे।

विधानसभा परिसर में वर्मा ने संवाददाताओं से बातचीत में उन पर भरोसा जताने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और पार्टी अध्यक्ष नितिन नवीन समेत सभी वरिष्ठ नेताओं का धन्यवाद किया।

उन्होंने कहा कि उन्हें जो ज़िम्मेदारी दी गई है, उसे पूरा करने और राज्य के मुद्दों को राज्यसभा में उठाने की वह पूरी कोशिश करेंगी।

नेताम में उन्हें दोबारा मौका देने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी और सोनिया गांधी समेत पार्टी आलाकमान का शुक्रिया अदा किया।

वर्मा (59) राज्य के प्रभावशाली कुर्मी समाज से हैं। उन्होंने भाजपा की तरफ से राज्यसभा चुनाव के लिए उम्मीदवार बनाए जाने के बाद राज्य महिला अयोग से इस्तीफा दे दिया था।

बलौदाबाजार-भाटापारा जिले की निवासी वर्मा फिलहाल रायपुर में रहती हैं।

वर्मा ने 1990 में भाजपा की प्राथमिक सदस्य के रूप में राजनीति की शुरूआत की थी। वह 1994 में रायपुर नगर निगम में वार्ड पार्षद चुनी गईं। बाद में उन्होंने 2010 से 2015 तक रायपुर ज़िला पंचायत की अध्यक्ष के तौर पर काम किया।

पार्टी के वरिष्ठ नेता वर्मा को एक अनुभवी ज़मीनी नेता बताते हैं जिन्हें ग्रामीण राजनीति की गहरी समझ है। वह भाजपा की प्रदेश उपाध्यक्ष और प्रवक्ता रह चुकी हैं।

पार्टी के एक पदाधिकारी ने बताया कि महिला मोर्चा से लेकर पार्टी के विभिन्न पदों तक वर्मा लगातार सक्रिय रही हैं तथा उन्होंने ज़िला, मंडल और बूथ स्तर पर काम किया है।

वरिष्ठ आदिवासी नेता नेताम (54) पर पार्टी ने लगातार दूसरी बार अपना भरोसा जताया है। नेताम मूल रूप से कोंडागांव जिले की निवासी हैं। वह 1994 में फरसगांव जनपद पंचायत के अध्यक्ष के पद पर चुनी गई थीं तथा 1998 में अविभाजित मध्यप्रदेश में केशकाल क्षेत्र से विधानसभा सदस्य के रूप में निर्वाचित हुई थीं। वर्ष 2000 में छत्तीसगढ़ के गठन के दौरान वह राज्य की पहली विधानसभा में सदस्य थीं।

पार्टी ने नेताम को 2020 में राज्यसभा भेजा था। उनका कार्यकाल इस वर्ष अप्रैल में समाप्त हो रहा है। नेताम कई महत्वपूर्ण पदों पर रही हैं।

राज्य के पांच राज्यसभा सदस्यों में से कांग्रेस के दो सदस्यों– कवि तेजपाल सिंह तुलसी और नेताम का छह साल का कार्यकाल नौ अप्रैल को खत्म होने वाला है। दोनों सीट के लिए चुनाव हो रहे हैं।

राज्य से दूसरे राज्यसभा सदस्य कांग्रेस के रंजीत रंजन और राजीव शुक्ला, और भाजपा के देवेंद्र प्रताप सिंह हैं।

राज्यसभा चुनाव में छत्तीसगढ़ विधानसभा के सभी 90 सदस्य अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे। वर्तमान विधानसभा में भाजपा के 54 और कांग्रेस के 35 विधायक हैं। गोंडवाना गणतंत्र पार्टी का एक सदस्य है।

विधानसभा में विधायकों की संख्या के आधार पर भाजपा और कांग्रेस का एक-एक सदस्य राज्यसभा जा सकता है।

विधानसभा के अधिकारियों ने बताया कि छह मार्च को नामांकन पत्रों की जांच होगी तथा नौ मार्च तक उम्मीदवार अपना नामांकन वापस ले सकते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि 16 मार्च को सुबह नौ बजे से शाम चार बजे तक मतदान होगा तथा उसी दिन शाम पांच बजे मतगणना होगी। मतदान मत पत्रों से होगा।

भाषा संजीव राजकुमार

राजकुमार


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