Reported By: Saurabh Dubey
,CG Crime News. Image Source- IBC24
लोरमी। CG Crime News: मुंगेली जिले के चिल्फी थाना क्षेत्र में हुए अंधे कत्ल की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस के मुताबिक, वीडियो वायरल करने की धमकी और ब्लैकमेलिंग से परेशान पति-पत्नी ने मिलकर 24 वर्षीय युवक की हत्या कर दी। आरोपियों ने युवक को घर बुलाकर दूध में नींद की दवा मिलाकर पिलाई और उसके बेहोश होने के बाद गमछे से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
CG Crime News: मामला चिल्फी थाना अंतर्गत डिंडौरी चौकी क्षेत्र के ग्राम घानाघाट का है। 30 जुलाई की रात रामचंद्र पटेल के घर के पास 24 वर्षीय अरुण पटेल का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था। सूचना मिलने पर डिंडौरी चौकी और चिल्फी थाना पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच आगे बढ़ाई।
पुलिस जांच में सामने आया कि करीब तीन साल पहले मृतक अरुण पटेल, आरोपी मुकेश पटेल और उसकी पत्नी मनीषा पटेल महाराष्ट्र में मजदूरी करने गए थे। वहां तीनों एक ही कमरे में रहते थे। इसी दौरान अरुण और मनीषा के बीच कथित रूप से संबंध बन गए। पुलिस के अनुसार इसी दौरान अरुण ने मनीषा का आपत्तिजनक वीडियो अपने मोबाइल में बना लिया था। गांव लौटने के बाद वह कथित तौर पर वीडियो वायरल करने की धमकी देकर मनीषा को ब्लैकमेल करने लगा। परेशान होकर मनीषा ने यह बात अपने पति मुकेश को बताई।
पुलिस के मुताबिक, पति-पत्नी ने अरुण को समझाने का प्रयास किया, लेकिन उसकी कथित धमकी और ब्लैकमेलिंग जारी रही। इसके बाद दोनों ने उसकी हत्या करने की योजना बनाई। योजना के तहत अरुण को घर बुलाया गया। आरोप है कि उसे दूध में नींद की दवा मिलाकर पिलाई गई। दूध पीने के बाद जब अरुण बेहोश हो गया तो आरोपियों ने गमछे से उसका गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को रामचंद्र पटेल के घर के पास फेंक दिया गया।
हत्या के बाद आरोपियों ने साक्ष्य छिपाने के लिए अरुण का मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल किया गया गमछा मनियारी नदी में फेंक दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने आरोपियों से पूछताछ शुरू की। पुलिस ने 34 वर्षीय मुकेश पटेल और 27 वर्षीय मनीषा बाई पटेल को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस का दावा है कि पूछताछ में दोनों ने हत्या की बात स्वीकार की। पुख्ता साक्ष्य मिलने के बाद दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।