देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 18,645 नए मामले, कुल मामलों की संख्या 1,04,50,284 हुई

देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 18,645 नए मामले, कुल मामलों की संख्या 1,04,50,284 हुई

देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 18,645 नए मामले, कुल मामलों की संख्या 1,04,50,284  हुई
Modified Date: November 29, 2022 / 08:02 pm IST
Published Date: January 10, 2021 6:28 am IST

नयी दिल्ली, 10 जनवरी (भाषा) भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के 18,645 नए मामले सामने आने के बाद देश में अब तक संक्रमित हुए लोगों की संख्या बढ़कर 1,04,50,284 हो गई है जिनमें से 1,00,75,950 लोग संक्रमणमुक्त हो चुके हैं।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के रविवार को जारी अद्यतन आंकड़ों के अनुसार देश में 24 पिछले घंटे में 201 लोगों की मौत होने से संक्रमण से मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,50,999 हो गई है।

देश में संक्रमणमुक्त होने वाले लोगों की संख्या 1,00,75,950 हो गई है जिससे संक्रमण से ठीक होने की दर बढ़कर 96.42 प्रतिशत हो गई है। इसके साथ ही संक्रमण से मृत्यु दर घटकर 1.44 प्रतिशत रह गई है। लगातार 20वें दिन उपचाराधीन लोगों की संख्या तीन लाख से नीचे बनी हुई है।

देश में संक्रमण के 2,23,335 मामले उपचाराधीन हैं जो कुल मामलों का 2.14 प्रतिशत है।

भारत में सात अगस्त को संक्रमित लोगों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त को 30 लाख और पांच सितंबर को 40 लाख के पार चली गई थी।

वहीं, संक्रमण के कुल मामले 16 सितम्बर को 50 लाख, 28 सितम्बर को 60 लाख, 11 अक्टूबर को 70 लाख, 29 अक्टूबर को 80 लाख और 20 नवम्बर को 90 लाख तथा 19 दिसम्बर को एक करोड़ के पार चले गए थे।

भारतीय आयुर्विज्ञान परिषद (आईसीएमआर) के अनुसार, देश में अब तक कुल 18,10,96,622 नमूनों की कोविड-19 संबंधी जांच की जा चुकी है जिनमें से 8,43,307 नमूनों की जांच शनिवार को की गई।

संक्रमण से मौत के 201 नए मामलों में से महाराष्ट्र में 57, केरल में 22, पश्चिम बंगाल में 20, छत्तीसगढ़ में 15 और दिल्ली तथा उत्तर प्रदेश में 12-12 लोगों की मौत हुई है।

देश में संक्रमण से मौत के कुल 1,50,999 मामलों में से महाराष्ट्र में 50,027 , तमिलनाडु में 12,215, कर्नाटक में 12,138 ,दिल्ली में 10,666 , पश्चिम बंगाल में 9,922, उत्तर प्रदेश में 8,481 ,आंध्र प्रदेश में 7,128 और पंजाब में 5,439 लोगों की मौत हुई है।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि संक्रमण से मौत के 70 प्रतिशत मामलों में मरीज अन्य बीमारियों से भी पीड़ित थे।

भाषा

शोभना नेत्रपाल

नेत्रपाल


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