जम्मू-कश्मीर में वंदे भारत उद्घाटन समारोह के दौरान अब्दुल्ला ने की भूपत्तन स्थापित करने की मांग

जम्मू-कश्मीर में वंदे भारत उद्घाटन समारोह के दौरान अब्दुल्ला ने की भूपत्तन स्थापित करने की मांग

जम्मू-कश्मीर में वंदे भारत उद्घाटन समारोह के दौरान अब्दुल्ला ने की भूपत्तन स्थापित करने की मांग
Modified Date: April 30, 2026 / 03:32 pm IST
Published Date: April 30, 2026 3:32 pm IST

जम्मू, 30 अप्रैल (भाषा) जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने जम्मू और श्रीनगर के बीच वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन सेवा के विस्तार के लिए बृहस्पतिवार को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और केंद्र सरकार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे केंद्र शासित प्रदेश में व्यापार और कारोबार को बढ़ावा मिलेगा।

उन्होंने निर्यात को आसान बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर में भूपत्तन स्थापित करने की मांग भी की।

मुख्यमंत्री ने जम्मू रेलवे स्टेशन से वंदे भारत ट्रेन को हरी झंडी दिखाए जाने के मौके पर कहा, “मैं जम्मू को रेल के जरिए कश्मीर से जोड़ने के लिए जम्मू-कश्मीर के लोगों की ओर से वैष्णव और उनके माध्यम से केंद्र सरकार को बधाई व धन्यवाद देना चाहता हूं।”

रेल संपर्क के व्यापारिक लाभों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि अब सीमेंट और कारों जैसे सामान का परिवहन संभव हो गया है, जिससे व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।

उन्होंने कहा, “इस ट्रेन की खासियत यह है कि इसने न केवल लोगों की यात्रा आसान होगी, बल्कि सीमेंट जैसे सामान की ढुलाई भी संभव होगी। मुझे यह देखकर आश्चर्य हुआ कि रेल के जरिए मारुति कारें श्रीनगर भेजी जा रही हैं और कश्मीर के फल बाहर ले जाए जा रहे हैं।”

अब्दुल्ला ने रेल मंत्री से जम्मू-कश्मीर में एक भूपत्तन स्थापित करने की अपील करते हुए कहा कि इससे निर्यात के लिए सीमाशुल्क मंजूरी स्थानीय स्तर पर ही दी जा सकेगी।

उन्होंने कहा, “मेरा रेल मंत्री से एक अनुरोध है। हालांकि यह उनके मंत्रालय से संबंधित नहीं है, लेकिन उनकी मदद ली जा सकती है। मैं अनुरोध करता हूं कि जम्मू-कश्मीर में एक भूपत्तन स्थापित किया जाए। यहां भूपत्तन की तत्काल आवश्यकता है, ताकि हमें अपने निर्यात के लिए अन्य शहरों में सीमाशुल्क मंजूरी की जरूरत न पड़े। यह प्रक्रिया यहीं होनी चाहिए, इससे हमारे कारोबार को फायदा होगा।”

जम्मू और श्रीनगर के बीच रेल संपर्क के महत्व पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लोग कई वर्षों से इसका इंतजार कर रहे थे।

उन्होंने कहा, “इतने वर्षों से हम जम्मू से श्रीनगर तक ट्रेन से यात्रा करने का इंतजार कर रहे थे। अब हमें जम्मू से कटरा के बीच सड़क मार्ग से यात्रा करने की जरूरत नहीं है।”

अब्दुल्ला ने कहा कि उन्होंने कभी उम्मीद नहीं की थी कि यह रेलवे लाइन इतनी लोकप्रिय हो जाएगी कि उन्हें ट्रेन में किसी की सीट आरक्षित कराने के लिए सिफारिश करनी पड़ेगी।

उन्होंने कहा, “सौभाग्य से, अब इसे (ट्रेन को) आठ डिब्बों से बढ़ाकर 20 कर दिया गया है। पहले 500 यात्री यात्रा करते थे, अब 1400 लोग इससे सफर कर सकते हैं। यह हमारे लिए बहुत बड़ी बात है।”

भाषा जोहेब अविनाश

अविनाश


लेखक के बारे में