‘इंडिया’ के सभी घटक दल भाजपा के खिलाफ एकजुट हों : ममता

‘इंडिया’ के सभी घटक दल भाजपा के खिलाफ एकजुट हों : ममता

‘इंडिया’ के सभी घटक दल भाजपा के खिलाफ एकजुट हों : ममता
Modified Date: July 21, 2026 / 03:17 pm IST
Published Date: July 21, 2026 3:17 pm IST

कोलकाता, 21 जुलाई (भाषा) तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी ने मंगलवार को पश्चिम बंगाल में कांग्रेस और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) सहित विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ के सभी घटक दलों से आपसी मतभेद भुलाकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के खिलाफ एकजुट होने का आग्रह किया।

ममता ने तृणमूल कांग्रेस के बागी नेताओं के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि “गद्दारों” को पार्टी में कभी वापस नहीं लिया जाएगा।

कोलकाता में बिरला तारामंडल के पास तृणमूल के अपने नेतृत्व वाले खेमे की ओर से आयोजित वार्षिक ‘शहीद दिवस’ रैली में ममता ने कहा कि भाजपा के खिलाफ लड़ाई व्यक्तिगत या राजनीतिक अहं से कहीं बड़ी है।

उन्होंने कहा, “मैं चाहती हूं कि बंगाल में भाजपा से लड़ने के लिए सभी ‘इंडिया’ के बैनर तले एकजुट हों। मुझमें कोई अहं नहीं है। मैं दूसरों से भी अपील करती हूं कि वे आपसी मतभेदों को भुलाकर एकजुट होकर लड़ें।”

हालांकि, ममता ने कांग्रेस या माकपा का नाम नहीं लिया, लेकिन उनकी टिप्पणी को ‘इंडिया’ में शामिल तृणमूल के सहयोगी दलों के लिए एक अपील के तौर पर देखा जा रहा है। राष्ट्रीय स्तर पर विपक्षी गठबंधन का हिस्सा होने के बावजूद पश्चिम बंगाल में तृणमूल के कांग्रेस और माकपा के साथ रिश्ते सहज नहीं रहे हैं।

यह अपील ऐसे दिन की गई, जब तृणमूल खुद बुरी तरह बंटी हुई नजर आई।

एक तरफ जहां ममता गुट ने बिरला तारामंडल के पास ‘शहीद दिवस’ कार्यक्रम आयोजित किया, वहीं दूसरी ओर ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट ने मध्य कोलकाता के मेयो रोड पर समानांतर रैली निकाली। इससे उस संगठनात्मक संकट का पता चलता है, जिससे पार्टी राज्य में भाजपा के सत्ता में आने के बाद से जूझ रही है।

ममता ने एक ओर विपक्षी दलों की ओर दोस्ती का हाथ बढ़ाया, तो दूसरी तरफ बागी नेताओं के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया।

उन्होंने बागी नेताओं पर भाजपा के इशारे पर काम करने का आरोप लगाया, “मैं गद्दारों को चुनौती देती हूं कि वे सीधे भाजपा में शामिल हों और चुनाव लड़ें।”

ममता ने बागी नेताओं से कहा कि वे भाजपा के “सहयोगी” की तरह काम करने के बजाय औपचारिक रूप से पार्टी में शामिल हो जाएं।

उन्होंने कहा, “अगर आप (बागी नेता) भाजपा का समर्थन करना चाहते हैं, तो भाजपा में चले जाएं। आपमें से जितने ज्यादा लोग पार्टी छोड़ेंगे, मुझे उतनी ही खुशी होगी। हर खाली जगह को भरने के लिए मेरे छात्र और युवा कार्यकर्ता मौजूद हैं।”

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, “वे चोर भाजपा में चले गए हैं। मैं उन्हें कभी वापस नहीं लूंगी।”

उन्होंने आरोप लगाया कि बागी नेता भाजपा की मदद से पार्टी का चुनाव चिह्न “दो फूल” छीनने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन उनके लिए ऐसा करना संभव नहीं होगा, क्योंकि वह तृणमूल कांग्रेस की संस्थापक-अध्यक्ष हैं।

ममता ने घोषणा की कि वह जल्द ही पश्चिम बंगाल के विभिन्न जिलों का दौरा शुरू करेंगी।

उन्होंने बागी गुट पर निशाना साधते हुए कहा, “इसके बाद मैं जिलों का दौरा करूंगी। मैं देखना चाहती हूं कि मुझे रोकने की हिम्मत किसमें है।”

ममता ने भाजपा पर उनके नेतृत्व वाले तृणमूल गुट को 21 जुलाई का शहीद दिवस कार्यक्रम आयोजित करने से रोकने की कोशिश करने का आरोप लगाया।

उन्होंने दावा किया कि कार्यक्रम स्थल को निशाना बनाए जाने के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं को मंच की सुरक्षा के लिए पूरी रात पहरा देना पड़ा।

भाषा पारुल नरेश

नरेश


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