प्रियंका गांधी की जेठानी पर किच्छा में जमीन हड़पने के प्रयास करने के आरोप मनगढंत : विधायक बेहड़
प्रियंका गांधी की जेठानी पर किच्छा में जमीन हड़पने के प्रयास करने के आरोप मनगढंत : विधायक बेहड़
किच्छा, दो जुलाई (भाषा) कांग्रेस विधायक तिलकराज बेहड़ ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर से पार्टी नेता प्रियंका गांधी वाद्रा की जेठानी सायरा वाद्रा पर लगाए गए उत्तराखंड के उधमसिंह नगर जिले के किच्छा क्षेत्र में करोड़ों रुपये की जमीन हड़पने का प्रयास करने के आरोपों को बृहस्पतिवार को झूठा और मनगढ़ंत करार दिया।
बेहड़ ने कहा कि भाजपा मनगढंत आरोप लगाकर कांग्रेस को बदनाम करना चाहती है, जबकि दूसरे पक्ष (नसरीन सांगा) के पास अपने दावे के समर्थन में कोई दस्तावेज उपलब्ध नहीं है।
किच्छा से विधायक बेहड़ ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, “भाजपा के आरोप झूठ का पुलिंदा हैं। ऐसे मनगढंत आरोप लगाकर पार्टी कांग्रेस को बदनाम करना चाहती है, जबकि दूसरे पक्ष नसरीन सांगा के पास अपने दावे के समर्थन में कोई दस्तावेज उपलब्ध नहीं है।”
नसरीन पर पुलिस और प्रशासन की मिलीभगत से फार्महाउस में जबरन घुसने का आरोप लगाते हुए बेहड़ ने कहा कि उन्होंने इस गलत कब्जे के खिलाफ आवाज उठाई है और वह आगे भी इसका विरोध करते रहेंगे।
किच्छा के पिपलिया क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे स्थित एक फार्महाउस की करोड़ों रुपये मूल्य की जमीन के मालिकाना हक को लेकर बुधवार को दोनों पक्षों के बीच विवाद हो गया, जिसकी सूचना मिलने के बाद मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया।
इस बीच, किच्छा से विधायक बेहड़ भी अपने समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए। उन्होंने प्रशासन से कथित कब्जा हटाने और मामले की निष्पक्ष जांच करने की मांग की।
इस दौरान विधायक और उनके समर्थकों ने फार्महाउस परिसर में प्रवेश करने का भी प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें मुख्य द्वार पर रोक दिया।
अधिकारियों के मुताबिक, मौके पर कुछ देर के लिए धक्का-मुक्की की स्थिति बनी, जिसे पुलिस ने नियंत्रित कर लिया। उन्होंने बताया कि बाद में प्रशासन से बातचीत के बाद धरना समाप्त हुआ।
पुलिस क्षेत्राधिकारी महेंद्र सिंह धोनी ने बताया कि जमीन के स्वामित्व को लेकर विवाद है और मामला न्यायालय में विचाराधीन है। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
इस मामले में प्रियंका की जेठानी सायरा ने आरोप लगाया कि उनकी बुआ दिवंगत कुलसुम खान की पुश्तैनी संपत्ति पर न्यायालय का स्थगन आदेश प्रभावी होने और उनके पक्ष में वसीयत होने के बावजूद दूसरे पक्ष ने जबरन कब्जे का प्रयास किया है। उन्होंने दावा किया कि न्यायालय के आदेश की अनदेखी की गई है।
वहीं, नसरीन ने कुलसुम खान से रक्त संबंध होने का दावा करते हुए कहा कि इसी आधार पर वह संपत्ति पर अपना अधिकार जता रही हैं।
अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय ने कहा कि मामला न्यायालय में है और दोनों पक्षों से कानून अपने हाथ में न लेने तथा शांति व्यवस्था बनाए रखने का आग्रह किया गया है।
उन्होंने कहा कि न्यायालय जो भी आदेश देगा, उसका पालन किया जाएगा।
भाषा
सं दीप्ति पारुल
पारुल

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