अमरनाथ यात्रा : अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की

अमरनाथ यात्रा : अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की

अमरनाथ यात्रा : अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की
Modified Date: June 13, 2026 / 04:08 pm IST
Published Date: June 13, 2026 4:08 pm IST

जम्मू, 13 जून (भाषा) आगामी अमरनाथ यात्रा के लिए सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के दौरान अधिकारियों ने उन्नत सीसीटीवी निगरानी, ​​एकीकृत नियंत्रण कक्षों के माध्यम से निगरानी और त्वरित प्रतिक्रिया के लिए मजबूत संचार नेटवर्क जैसे प्रौद्योगिकी-संचालित उपायों पर जोर दिया।

पुलिस के एक प्रवक्ता ने बताया कि सुरक्षा प्रबंधन एवं समन्वय को लेकर यहां आयोजित बैठक की अध्यक्षता जम्मू के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) जोगिंदर सिंह ने की। बैठक में जिला पुलिस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी), भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी), खुफिया एजेंसियों, नागरिक प्रशासन तथा आपदा प्रबंधन प्राधिकरणों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

उन्होंने बताया कि चर्चा का मुख्य विषय तीन जुलाई से शुरू होने वाली 57-दिवसीय वार्षिक तीर्थयात्रा के सुरक्षित और शांतिपूर्ण आयोजन के लिए सभी संबंधित पक्षों के बीच निर्बाध समन्वय सुनिश्चित करना था।

बैठक के दौरान जम्मू के एसएसपी ने उच्च स्तर की सतर्कता बरतने की आवश्यकता पर जोर दिया और सभी संबंधित एजेंसियों को गश्त बढ़ाने, औचक जांच अभियान चलाने तथा किसी भी आकस्मिक स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए त्वरित प्रतिक्रिया दलों (क्यूआरटी) की तैनाती करने के निर्देश दिये।

प्रवक्ता ने बताया कि कानून-व्यवस्था प्रबंधन, भीड़ प्रबंधन, सीमा सुरक्षा, आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र तथा विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय से संबंधित विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई।

उन्होंने बताया कि प्रौद्योगिकी-आधारित सुरक्षा उपायों पर विशेष जोर दिया गया, जिनमें उन्नत सीसीटीवी निगरानी, एकीकृत नियंत्रण कक्षों के माध्यम से निगरानी तथा त्वरित सूचना आदान-प्रदान और प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए संचार नेटवर्क को मजबूत बनाना शामिल है।

जम्मू के एसएसपी ने यात्रा के दौरान सुरक्षित वातावरण बनाये रखने में सामुदायिक सहभागिता और जनसहयोग के महत्व पर जोर दिया।

प्रवक्ता ने बताया कि नागरिकों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत निकटतम पुलिस इकाई या नियंत्रण कक्ष को देने का आग्रह किया गया।

उन्होंने बताया कि खुफिया एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने सुरक्षा सूचनाएं और आकलन साझा किये। उन्होंने दोहराया कि तीर्थयात्रियों और निवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सर्वोच्च प्राथमिकता बनी हुई है।

भाषा

देवेंद्र सुरेश

सुरेश


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