अमित शाह एएनटीएफ प्रमुखों के सम्मेलन का मंगलवार को उद्घाटन करेंगे
अमित शाह एएनटीएफ प्रमुखों के सम्मेलन का मंगलवार को उद्घाटन करेंगे
(फाइल फोटो के साथ)
नयी दिल्ली, 21 सितंबर (भाषा) केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मादक पदार्थ रोधी कार्य बल (एएनटीएफ) के प्रमुखों के तीसरे राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे, जिसमें ‘मादक पदार्थ नियंत्रण दृष्टिकोण पत्र (2026-29)’ के तहत हुई प्रगति और देश में मादक पदार्थों की समस्या से निपटने के लिए किए जा रहे प्रयासों पर चर्चा की जाएगी। एक सरकारी बयान में यह जानकारी दी गई।
बयान के अनुसार, दो दिवसीय इस सम्मेलन में 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के एएनटीएफ प्रमुखों के अलावा संबंधित सरकारी विभागों एवं अन्य हितधारकों के प्रतिनिधि भाग लेंगे।
बैठक में मादक पदार्थों की आपूर्ति कम करने, उनकी मांग घटाने और उनसे होने वाले नुकसान को कम करने संबंधी उपायों को मजबूत करने की केंद्र सरकार की रणनीतियों पर भी विचार-विमर्श किया जाएगा।
बयान में कहा गया, ‘‘ ‘एकजुट संकल्प, साझा जिम्मेदारी’ विषय पर आधारित सम्मेलन में हाल में जारी ‘मादक पदार्थ नियंत्रण दृष्टिकोण पत्र (2026-29)’ के तहत राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के एएनटीएफ को दिए गए लक्ष्यों पर हुई प्रगति की समीक्षा की जाएगी। इसके साथ ही देशभर में मादक पदार्थों की तस्करी और उनके इस्तेमाल पर रोक लगाने के लिए किए जा रहे प्रयासों पर भी चर्चा होगी।’’
शाह मादक पदार्थों के खिलाफ जागरूकता फैलाने के लिए टेलीविजन विज्ञापन भी जारी करेंगे और स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) के लखनऊ एवं देहरादून में क्षेत्रीय कार्यालयों के नए परिसरों की आधारशिला रखेंगे।
सम्मेलन के दौरान आठ तकनीकी सत्र आयोजित किए जाएंगे। ये सत्र दृष्टिकोण पत्र के तहत संस्थागत व्यवस्था, मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े नेटवर्क एवं गिरोहों को ध्वस्त करने, मादक पदार्थों की मांग में कमी एवं पुनर्वास, प्रवर्तन को प्रभावी बनाना, मादक पदार्थ बनाने में इस्तेमाल होने वाले रसायनों एवं कृत्रिम मादक पदार्थों पर नियंत्रण, अवैध खेती और वैकल्पिक फसलें तथा ‘डार्कनेट’ (इंटरनेट का ऐसा छिपा हुआ हिस्सा, जिस तक विशेष सॉफ्टवेयर या व्यवस्था के जरिए ही पहुंचा जा सकता है) और क्रिप्टोकरेंसी से जुड़ी जांच जैसे विषय पर आधारित होंगे।
बयान के अनुसार, ये सत्र दृष्टिकोण पत्र के चार रणनीतिक स्तंभों-प्रवर्तन, आसूचना एवं अभियान, मादक पदार्थ बनाने में इस्तेमाल होने वाले रसायनों एवं कृत्रिम मादक पदार्थों पर नियंत्रण, मांग और नुकसान में कमी लाने तथा क्षमता निर्माण एवं समन्वय- के अनुरूप होंगे।
बयान में कहा गया कि इस विचार-विमर्श से राज्यों, विभागों और एजेंसियों को अगले तीन वर्ष में देशभर में मादक पदार्थों की तस्करी से निपटने के लिए नए संकल्प के साथ आगे बढ़ने में मदद मिलेगी।
इस दौरान राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले एएनटीएफ को सम्मानित किया जाएगा और एनसीबी की नयी वेबसाइट भी जारी की जाएगी।
बयान में कहा गया, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में भारत सरकार देश के युवाओं को मादक पदार्थों के इस्तेमाल के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए ‘मिशन मोड’ में काम कर रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने 2047 तक ‘विकसित भारत’ का लक्ष्य रखा है और मादक पदार्थ मुक्त भारत के निर्माण के बिना इस लक्ष्य को हासिल करना संभव नहीं है।’’
बयान के अनुसार, इस सम्मेलन में मादक पदार्थ संबंधी कानूनों के प्रवर्तन को मजबूत करने और देश के युवाओं को नशीले पदार्थों से दूर रखने के लिए व्यावहारिक रणनीतियां तैयार किए जाने की उम्मीद है।
भाषा सिम्मी दिलीप
दिलीप

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