भाजपा-संघ का साथ छोड़ तेजस्वी को आशीर्वाद दें नीतीश: दिग्विजय

भाजपा-संघ का साथ छोड़ तेजस्वी को आशीर्वाद दें नीतीश: दिग्विजय

भाजपा-संघ का साथ छोड़ तेजस्वी को आशीर्वाद दें नीतीश: दिग्विजय
Modified Date: November 29, 2022 / 08:45 pm IST
Published Date: November 11, 2020 6:17 am IST

नई दिल्ली। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने बिहार विधानसभा चुनाव में राजग को बहुमत मिलने के बाद बुधवार को कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का साथ छोड़कर राजद नेता तेजस्वी यादव को आशीर्वाद देना चाहिए। उन्होंने नीतीश से यह भी कहा कि वह समाजवादी धर्मनिरपेक्ष विचारधारा में विश्वास रखने वाले लोगों को एकजुट करने में मदद करें क्योंकि ऐसा करना ही महात्मा गांधी और जयप्रकाश नारायण को सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

पढ़ें- 5 सीनियर IPS अफसरों को 12 साल बाद मिला न्याय, CAT ने पांचों को दिया सेलेक्शन ग्रेड का लाभ

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने ट्वीट किया, ‘ भाजपा/संघ अमरबेल के समान हैं, जिस पेड़ पर लिपट जाती हैं वह पेड़ सूख जाता है लेकिन वे खुद पनपती जाती हैं। नीतीश जी, लालू जी ने आपके साथ संघर्ष किया है, आंदोलनों मे जेल गए है। भाजपा/संघ की विचारधारा को छोड़ कर तेजस्वी को आशीर्वाद दे दीजिए। इस “अमरबेल” रूपी भाजपा/संघ को बिहार में मत पनपाओ।’’

पढ़ें- महिला ने युवक पर लगाया रेप का आरोप, वीडियो वायरल करने की धमकी देकर …

उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री से यह अपील भी की, ‘‘नितीश जी, बिहार आपके लिए छोटा हो गया है, आप भारत की राजनीति में आ जाएं। सभी समाजवादी धर्मनिरपेक्ष विचारधारा में विश्वास रखने वाले लोगों को एकमत करने में मदद करते हुए, संघ द्वारा अंग्रेजों की पनपाई “फूट डालो और राज करो” की नीति ना पनपने दें। विचार ज़रूर करें।’’ सिंह ने कहा, ‘‘यही महात्मा गांधी जी व जयप्रकाश नारायण जी के प्रति सही श्रद्धांजलि होगी। आप उन्हीं की विरासत से निकले राजनेता हैं, वहीं आ जाइए। आपको याद दिलाना चाहूंग, जनता पार्टी संघ की दोहरी सदस्यता के आधार पर ही टूटी थी। भाजपा/संघ को छोड़िए। देश को बर्बादी से बचाइए।’’

पढ़ें-मामा ने ही किया था भांजे का अपहरण, मांगी थी 5 लाख की फिरौती, पुलिस …

उल्लेखनीय है कि बिहार में सत्ता विरोधी लहर और विपक्ष की कड़ी चुनौती को पार करते हुए नीतीश कुमार के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) ने 243 सीटों में से 125 सीटों पर जीत प्राप्त कर बहुमत का जादुई आंकड़ा हासिल कर लिया है। भले ही राजग ने बहुमत हासिल किया है, लेकिन इस चुनाव में विपक्षी ‘महागठबंधन’ का नेतृत्व कर रहा राष्ट्रीय जनता दल (राजद) 75 सीटें अपने नाम करके सबसे बड़ी एकल पार्टी के रूप में उभरा है।

 


लेखक के बारे में