विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच राज्यसभा में हुआ संक्षिप्त शून्यकाल, तीन सदस्य ही उठा पाए मुद्दे
विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच राज्यसभा में हुआ संक्षिप्त शून्यकाल, तीन सदस्य ही उठा पाए मुद्दे
नयी दिल्ली, तीन अगस्त (भाषा) राजयसभा में सोमवार को सदस्यों ने ‘स्लीप एप्निया’ बीमारी के लिए जागरुकता अभियान चलाने, भगवान देवनारायण की पवित्र जन्म और प्राकट्य स्थली मालासेरी डूंगरी के विकास, और अदालतों में लंबित मामलों का मुद्दा उठाया तथा सरकार से इनके समाधान की मांग की।
राम मंदिर के चढ़ावे की कथित चोरी और नीट पेपर लीक के विरोध में प्रदर्शन करने वाले छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के मुद्दे पर विपक्षी सदस्यों के हंगामे के कारण शून्यकाल में केवल तीन सदस्य ही लोक महत्व से जुड़े अपने अपने मुद्दे उठा पाए और बैठक दोपहर दो बजे तक स्थगित कर दी गई।
भाजपा की दर्शना सिंह ने ‘स्लीप एप्निया’ का मुद्दा उठाते हुए कहा कि एक अनुमान के अनुसार, भारत में करीब 90 करोड़ लोग इस बीमारी से पीड़ित हैं लेकिन जागरुकता के अभाव में लोग इसके खतरों से अनजान हैं।
उन्होंने कहा कि स्लीप एप्निया नींद से जुड़ी एक गंभीर समस्या है जिसमें सोते समय बार-बार सांस रुकती और शुरू होती है।
उन्होंने कहा कि इस बीमारी के सामान्य लक्षण तेज खर्राटे आना, सोते समय सांस का अचानक रुक जाना, सुबह उठने पर सिरदर्द या मुंह सूखना, दिन में अत्यधिक नींद आना या थकान महसूस होना हैं।
दर्शना ने कहा कि समय पर पहचान और उपचार न होने से यह बीमारी मानसिक समस्याओं सहित बड़ी बीमारियों की वजह बन सकती है और बार बार सांस रुकने से हृदय तथा फेफड़ों पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। उन्होंने कहा कि समय रहते इस बीमारी का पता चल जाने पर इसके इलाज और स्वस्थ जीवन शैली की मदद से इससे मुक्ति पाई जा सकती है।
भाजपा सदस्य ने इस बीमारी को लेकर जागरुकता फैलाने की मांग की।
इसी पार्टी की अलका गुर्जर ने राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के आसींद के पास स्थित भगवान देवनारायण की पवित्र जन्म और प्राकट्य स्थली मालासेरी डूंगरी के विकास का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि यह स्थान देश श्रद्धालुओं के लिए आस्था केंद्र है जहाँ हर साल दूर-दूर से श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं।
अलका ने कहा कि यहाँ हर वर्ष माघ शुक्ल सप्तमी को भगवान देवनारायण का जन्मोत्सव बहुत धूमधाम से मनाया जाता है।
उन्होंने कहा कि मालासेरी (माला) डूंगरी के विकास और कॉरिडोर निर्माण के लिए ‘प्रसाद योजना’ के अंतर्गत 48.73 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। उन्होंने मांग की कि इस राशि से मालासेरी डूंगरी का एकीकृत विकास किया जाए और वहां बने तालाब को अमृतसर के स्वर्ण मंदिर के तालाब की तरह ही विकसित किया जाए।
मनोनीत सदस्य उज्ज्वल निकम ने अदालतों में लंबित मामलों का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि लंबित मामलों का निपटारा नहीं हो पाता और नए मामले दर्ज हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि मामलों की सुनवाई में विलंब का एक कारण उनकी अधिक संख्या भी है।
निकम ने कहा कि कई बार न्याय मिलने में इतना अधिक विलंब हो जाता है कि वह न्याय अर्थहीन लगने लगता है।
इन तीनों सदस्यों ने जब सदन में आसन की मंजूरी से अपने अपने मुद्दे उठाए तब नीट प्रश्नपत्र लीक के विरोध में प्रदर्शन करने वाले छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के मद्दनेजर गृह मंत्री अमित शाह के जवाब की मांग को लेकर विपक्षी सदस्य सदन में हंगामा कर रहे थे। विपक्षी सांसदों ने अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे की कथित चोरी को लेकर भी नारे लगाए।
हंगामे की वजह से सभापति सी पी राधाकृष्णन ने उच्च सदन की बैठक दोपहर दो बजे तक स्थगित कर दी।
भाषा
मनीषा माधव
माधव

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