मुख्यमंत्री ने दवा खरीद मामले में दो वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की जांच के आदेश दिए

मुख्यमंत्री ने दवा खरीद मामले में दो वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की जांच के आदेश दिए

मुख्यमंत्री ने दवा खरीद मामले में दो वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की जांच के आदेश दिए
Modified Date: June 23, 2026 / 05:00 pm IST
Published Date: June 23, 2026 5:00 pm IST

नयी दिल्ली, 23 जून (भाषा) मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सरकारी अस्पतालों के लिए दवाओं और अन्य चिकित्सा आपूर्ति की खरीद में कथित अनियमितताओं को लेकर दिल्ली स्वास्थ्य विभाग के दो वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की जांच के आदेश दिए हैं। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

दिल्ली सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि आरोपों को ‘अत्यंत गंभीरता’ से लेते हुए, गुप्ता ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 17 ए के तहत डॉ. वत्सला अग्रवाल और उप लेखा नियंत्रक नीरज चोपड़ा के खिलाफ खरीद प्रक्रिया से जुड़ी शिकायतों की जांच के आदेश दिए।

अधिकारी ने कहा, ‘सरकार ने केंद्रीय खरीद एजेंसी (सीपीए) के कामकाज के संबंध में शिकायतों के बाद डॉ. वत्सला अग्रवाल और उप लेखा नियंत्रक नीरज चोपड़ा के खिलाफ आरोपों की जांच की सिफारिश की है।’

स्वास्थ्य सेवा निदेशालय के तहत कार्यरत सीपीए द्वारा दवाओं, सर्जिकल वस्तुओं और चिकित्सा उपकरणों की खरीद में वित्तीय और प्रशासनिक अनियमितताओं का आरोप लगाने वाली शिकायतों के बाद यह सिफारिश की गई है।

भ्रष्टाचार के प्रति अपनी सरकार की शून्य सहिष्णुता नीति को दोहराते हुए, गुप्ता ने निर्देश दिया कि जांच निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से की जाए।

उन्होंने यह भी कहा है कि कानूनी प्रक्रिया के बाद दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को कानूनी प्रावधानों के अनुसार कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।

इस महीने की शुरुआत में, दिल्ली सरकार ने उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू की मंजूरी के बाद केंद्रीय खरीद एजेंसी के कार्यालय प्रमुख डॉ. विनोद कुमार रंगा और पूर्व स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक डॉ. वत्सला अग्रवाल को निलंबित कर दिया था।

अधिकारियों ने खरीद के लिए निविदा प्रक्रिया में ‘गंभीर अनियमितताओं’ का आरोप लगाया था और भ्रष्टाचार व सरकारी खजाने को नुकसान का दावा किया था।

मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया है कि पारदर्शिता और सार्वजनिक जवाबदेही उनकी सरकार के कामकाज के केंद्र में है और सार्वजनिक संसाधनों का दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

दिल्ली सरकार की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने पिछले हफ्ते मामले के सिलसिले में डॉ. विनोद कुमार रंगा को गिरफ्तार किया था।

भारतीय न्याय संहिता, 2023 के तहत आपराधिक साजिश के आरोपों के साथ-साथ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 के प्रावधानों के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।

अधिकारियों ने बताया कि जांच जारी है और गिरफ्तारियां होने की संभावना है।

भाषा नोमान

नोमान नरेश

नरेश


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