नयी दिल्ली, 25 अगस्त (भाषा) दिल्ली में कई मौसम केंद्रों पर मंगलवार को 100 मिलीमीटर से अधिक बारिश दर्ज की गई, जिससे यह पिछले दो साल में अगस्त का सर्वाधिक बारिश वाला दिन बन गया।
भारी बारिश के चलते सड़कें जलमग्न हो गईं, जिसकी वजह से यातायात रेंगता नजर आया।
मौसम विभाग के अनुसार, मंगलवार सुबह 8:30 बजे तक के 24 घंटों में सफदरजंग मौसम केंद्र में 99.1 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो पिछले दो साल में अगस्त में किसी भी दिन हुई सबसे ज़्यादा बारिश है। इससे पहले शहर में अगस्त के महीने में इससे ज़्यादा बारिश एक अगस्त, 2024 को हुई थी, जब सफदरजंग में 107.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई थी।
सफदरजंग में सुबह 8:30 बजे तक 99.1 मिमी संचयी वर्षा दर्ज की गई, जबकि पालम में 68.0 मिमी, लोधी रोड में 98.3 मिमी, रिज में 100.4 मिमी और आयानगर में 101.9 मिमी दर्ज की गई।
संसद परिसर के आस-पास भी जलभराव की खबर मिली। आरएमएल अस्पताल, बाबा खड़क सिंह मार्ग और कनॉट प्लेस के पास के इलाके भी प्रभावित हुए, जिससे मध्य दिल्ली की व्यस्त सड़कों पर आने-जाने वालों की मुश्किलें बढ़ गईं।
उच्चतम न्यायालय और एम्स के आस-पास भी पानी जमा हो गया, जिससे गाड़ियों को पानी भरे रास्तों से निकलने में मुश्किल हुई। कुछ जगहों पर लोगों को पानी में फंसी गाड़ियों को खींचकर निकालने में मदद करते देखा गया।
आईटीओ, मोती बाग, कमला नगर मार्केट, किशनगढ़ अंडरपास और महिपालपुर फ्लाईओवर समेत कई अन्य व्यस्त इलाकों और मोहल्लों में भी जलभराव देखा गया।
बुराड़ी, करोल बाग और किरारी से भी जलभराव की सूचना मिली, जिससे शहर के उत्तरी, पश्चिमी और मध्य इलाकों में बाधा उत्पन्न हुई।
कई मुख्य मार्गों पर यातायात पर असर पड़ा, जिनमें आईटीओ से मंडी हाउस, विकास मार्ग, लक्ष्मी नगर, करोल बाग, अक्षरधाम फ़्लाईओवर, पटेल नगर, सराय काले खां, दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे, ईस्ट विनोद नगर, मयूर विहार फ़ेज़ 2 और आईपी एक्सटेंशन शामिल हैं।
बाबा बंदा सिंह बहादुर सेतु के आसपास जंगपुरा, लाजपत नगर और जहांगीरपुरी की ओर जाने वाले यात्रियों को भी धीमी गति का सामना करना पड़ा। प्रगति मैदान सुरंग के पास भी यातायात प्रभावित रहा।
मौसम विभाग ने बताया कि मंगलवार सुबह 8:30 बजे तक के 24 घंटों में दिल्ली के कई अन्य इलाकों में भी बारिश दर्ज की गई। दिल्ली विश्वविद्यालय में सबसे ज़्यादा 104.0 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके बाद जनकपुरी में 76.0 मिमी छतरपुर में 63.5 मिमी और पूसा में 62.0 मिलीमीटर बारिश हुई।
सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच सफदरजंग में 8.7 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि पालम में 1.4 मिमी, रिज में 0.8 मिमी और आयानगर में 1.3 मिमी बारिश हुई। इस दौरान लसेधी रोड पर बहुत कम बारिश दर्ज की गई।
मौसम वैज्ञानिक नवदीप दहिया के अनुसार, कल दिन के पहले हिस्से और सुबह-सुबह मौसम के शुष्क रहने की उम्मीद है। दोपहर बाद से शाम तक मध्यम से भारी बारिश हो सकती है, और कुछ जगहों पर बहुत भारी बारिश भी हो सकती है।
सफदरजंग में अधिकतम तापमान 33.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 0.7 डिग्री कम था, जबकि पालम में यह 31.7 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 2.7 डिग्री कम था।
लोधी रोड पर तापमान 33.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 0.4 डिग्री ज़्यादा था; रिज पर 33.4 डिग्री सेल्सियस, जो सामान्य से 1.2 डिग्री कम था; और अयानगर में 31.3 डिग्री सेल्सियस, जो सामान्य से 3.7 डिग्री कम था।
न्यूनतम तापमान सफदरजंग में 23.5 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 2.9 डिग्री कम), पालम में 21.8 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 4.3 डिग्री कम), लोधी रोड में 23.6 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 1.4 डिग्री कम), रिज में 20.8 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 4.7 डिग्री कम) और आयानगर में 23.8 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 2.0 डिग्री कम) दर्ज किया गया।
मंगलवार को दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक 101 रहा, जिससे यह ‘मध्यम’ श्रेणी में आ गया।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के राष्ट्रीय एक्यूआई मानकों के अनुसार, शून्य से 50 एक्यूआई को ‘अच्छा’, 51 से 100 को ‘संतोषजनक’, 101 से 200 को ‘मध्यम’, 201 से 300 को ‘खराब’, 301 से 400 को ‘बहुत खराब’ और 401 से 500 को ‘गंभीर’ श्रेणी में रखा जाता है।
भाषा नेत्रपाल पवनेश
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