ईडी ने ऑनलाइन सट्टा ऐप मामले में आरोप पत्र दाखिल किया, पाकिस्तानी नागरिक कर रहा था संचालन

ईडी ने ऑनलाइन सट्टा ऐप मामले में आरोप पत्र दाखिल किया, पाकिस्तानी नागरिक कर रहा था संचालन

ईडी ने ऑनलाइन सट्टा ऐप मामले में आरोप पत्र दाखिल किया, पाकिस्तानी नागरिक कर रहा था संचालन
Modified Date: January 18, 2026 / 08:14 pm IST
Published Date: January 18, 2026 8:14 pm IST

नयी दिल्ली, 18 जनवरी (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय ने एक ऑनलाइन सट्टेबाजी वेबसाइट के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया है, जिसके पाकिस्तानी निदेशक संयुक्त अरब अमीरात में रहते हैं। संघीय एजेंसी ने रविवार को यह जानकारी दी।

‘मैजिकविन’ मामले में कुल 14 व्यक्तियों और कंपनियों को आरोपी बनाया गया है।

भारत ने 2025 में वास्तविक धन वाले ऑनलाइन गेमिंग और सट्टेबाजी पर प्रतिबंध लगा दिया था। सरकार ने इसे एक वित्तीय और सामाजिक खतरा बताते हुए कहा कि इसमें उपयोगकर्ताओं, विशेष रूप से युवाओं की मेहनत से कमाए गए धन बर्बाद हो जाते हैं।

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संघीय जांच एजेंसी ने एक बयान में कहा कि अभियोजन शिकायत (जो आरोप पत्र के समकक्ष है) 15 जनवरी को गुजरात के अहमदाबाद में धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की विशेष अदालत में दाखिल की गई।

ईडी के मुताबिक धनशोधन का यह मामला अहमदाबाद साइबर अपराध पुलिस द्वारा दर्ज एक प्राथमिकी पर आधारित है, जिसमें पोर्टल पर आईसीसी पुरुष टी20 विश्व कप 2024 के मैच की अनधिकृत मेजबानी, स्ट्रीमिंग और प्रसारण के आरोप में मामला दर्ज किया गया था।

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने आधिकारिक रूप से ये अधिकार स्टार इंडिया प्राइवेट लिमिटेड को दिए थे।

ईडी ने बताया कि मैजिकविन स्पोर्ट्स लिमिटेड इस ब्रांड पोर्टल की मालिक है और यह कंपनी ब्रिटेन में पंजीकृत है। उसने बताया कि पाकिस्तानी नागरिक गुलाब हरजी मल और ओमेश कुमार गुरनानी इसके निदेशक हैं और दोनों कथित तौर पर संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में रहते हैं।

बयान के मुताबिक पोर्टल और उसका मोबाइल ऐप एक ‘सट्टेबाजी मंच’ की तरह काम कर रहे थे जो सभी प्रकार की खेल सट्टेबाजी और मनोरंजन के लिए जुआ खेलने की सुविधा प्रदान करता था और लेनदेन के लिए संदिग्ध खातों का इस्तेमाल करता था।

ईडी ने दावा किया कि कई मशहूर हस्तियों और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स ने मैजिकविन का विज्ञापन किया था और इस तरह की सट्टेबाजी गतिविधियों से प्राप्त धनराशि हवाला और क्रिप्टोकरेंसी के माध्यम से हस्तांतरित की गई थी।

भाषा धीरज सुरभि

सुरभि


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