किसानों की आय दोगुनी ही नहीं, आठ गुनी तक बढ़ी है: चौहान
किसानों की आय दोगुनी ही नहीं, आठ गुनी तक बढ़ी है: चौहान
नयी दिल्ली, 24 मार्च (भाषा) केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को लोकसभा में कहा कि केंद्र सरकार के अनेक उपायों के कारण देश में किसानों की आय केवल दोगुनी ही नहीं, बल्कि तीन गुनी भी हुई है और कई कृषकों की आमदनी तो आठ गुनी तक बढ़ी है।
चौहान ने तृणमूल कांग्रेस के सांसद सौगत राय के पूरक प्रश्न का उत्तर देते हुए यह बात कही।
राय ने पूछा था कि सरकार बताए कि ‘‘किसानों की आय वास्तव में कब दोगुनी होगी और उनके खुदकुशी के मामले कब शून्य पर आएंगे?’’
चौहान ने कहा, ‘‘देश में कई किसानों की आय दोगुनी हुई है। मैं जिम्मेदारी के साथ कह रहा हूं कि केवल दोगुनी नहीं, बल्कि कई किसानों की आमदनी तिगुनी और चौगुनी भी हुई है। और कई की तो आठ गुनी भी हुई है।’’
उन्होंने कहा कि यह गलत धारणा बनाई जा रही है कि किसानों की आय दोगुनी करने का मोदी सरकार का वादा पूरा नहीं हुआ।
कृषि मंत्री ने हरियाणा के रेवाड़ी के एक किसान का नाम लेते हुए कहा कि वह ऐसे कई किसानों के नाम गिना सकते हैं जिनकी आमदनी दोगुनी से अधिक हुई है।
चौहान ने कहा, ‘‘इसके लिए हमने गंभीरता से उपाय किए हैं। हमने कृषि बजट बढ़ाकर 1,30,000 करोड़ रुपये से ज्यादा किया। हमने उत्पादन और उत्पादकता बढ़ाई और 2014 के बाद देश में 44 प्रतिशत अलग-अलग खाद्यान्नों का उत्पादन बढ़ा है। किसानों को छह हजार रुपये की किसान सम्मान निधि उनके खातों में दी जाती है। राजग सरकार ने किसानों को 28 लाख करोड़ रुपये संस्थागत ऋण भी दिया है।’’
समाजवादी पार्टी (सपा) के सदस्य धर्मेंद्र यादव ने स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश से जुड़ा पूरक प्रश्न पूछा। उन्होंने जब आगे कुछ कहना चाहा तो आसन से इसकी अनुमति नहीं दी गई। इस पर वह जोर-जोर से अपनी बात रखने का प्रयास करते सुने गए।
अध्यक्ष बिरला ने प्रश्नकाल में संक्षिप्त में प्रश्नोत्तर का आग्रह करते हुए कहा, ‘‘मेरा सदस्यों से और मंत्रिगणों से भी आग्रह है कि कभी भी इतना उतेजित होने की आवश्यता नहीं है। कृषि के विषय पर बहुत विस्तार से साढ़े चार घंटे चर्चा सदन में हो चुकी है और सभी को पर्याप्त अवसर मिला था।’’
उन्होंने कहा कि प्रश्नकाल का समय सीमित होता है, इसलिए सदस्यों से आग्रह है कि लंबे प्रश्न नहीं पूछें और मंत्रियों को भी विस्तार से जवाब नहीं देना चाहिए, संक्षिप्त जवाब देना चाहिए।
चौहान ने महाराष्ट्र में प्राकृतिक आपदा से किसानों को हुए नुकसान पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की सांसद सुप्रिया सुले के पूरक प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा कि राज्य सरकार ने तत्परता से कार्रवाई की और 14 हजार करोड़ रुपये किसानों के खातों में डाला गया है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार भी प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत उन किसानों की नियमानुसार मदद करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी।
कृषि मंत्री ने कहा कि सरकार ने ‘भावांतर भुगतान योजना’ भी बनाई है जिसके तहत किसानों का उत्पाद खरीदे बिना बाजार दर और न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) के अंतर का भुगतान सीधे उनके खातों में किया जाता है।
भाषा वैभव माधव
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