वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमत घटने पर तुरंत नहीं घटाए जा सकते ईंधन के दाम: सुरेश गोपी

वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमत घटने पर तुरंत नहीं घटाए जा सकते ईंधन के दाम: सुरेश गोपी

वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमत घटने पर तुरंत नहीं घटाए जा सकते ईंधन के दाम: सुरेश गोपी
Modified Date: June 18, 2026 / 12:46 pm IST
Published Date: June 18, 2026 12:46 pm IST

त्रिशूर (केरल), 18 जून (भाषा) केंद्रीय मंत्री सुरेश गोपी ने बृहस्पतिवार को कहा कि वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आने पर ईंधन के दाम तुरंत कम नहीं किए जा सकते, क्योंकि इसमें कई कारक शामिल होते हैं, जिनमें सस्ता कच्चा तेल भारत पहुंचने में लगने वाला समय भी शामिल है।

पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस और पर्यटन राज्य मंत्री गोपी ने हाल में ईंधन कीमतों में हुई वृद्धि के संदर्भ में कहा कि प्रति लीटर लगभग 3.94 रुपये की बढ़ोतरी का असर पड़ा है, लेकिन केवल वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमत घटने के आधार पर इसे तत्काल वापस नहीं लिया जा सकता।

उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘सस्ता कच्चा तेल भारत तक होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते पहुंचता है। वहां जहाजों की आवाजाही अधिक रहने के कारण इसमें समय लगता है। इसलिए स्थिति सामान्य होने में कुछ वक्त लगेगा।’’

गोपी ने कहा कि इस वर्ष फरवरी में पश्चिम एशिया में युद्ध शुरू होने के बाद तेल कंपनियां गंभीर रूप से प्रभावित हुईं और केंद्र सरकार ने काफी हद तक इसका वित्तीय बोझ स्वयं वहन किया।

उन्होंने कहा, ‘‘इस प्रभाव को अपने ऊपर लेने के कारण केंद्र को 12,000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। किसी भी राज्य ने बढ़ी हुई ईंधन कीमतों पर कम उत्पाद शुल्क लगाकर अपने राजस्व में कमी नहीं की। केंद्र सरकार को भी चलना है और तेल कंपनियों को भी टिके रहना है।’’

केरल में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) की स्थापना के मुद्दे पर गोपी ने कहा कि इसके लिए राज्य सरकार को निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना होगा और इसे बाजार में खरीदारी की तरह नहीं किया जा सकता।

उन्होंने कहा कि राज्य के स्वास्थ्य मंत्री के. मुरलीधरन ने कथित रूप से कहा कि एम्स को केरल में कहीं भी स्थापित किया जा सकता है।

गोपी ने कहा, ‘‘राज्य सरकार को इस मामले से संबंधित समिति को यह बताना होगा कि उसने एम्स के लिए कितने संभावित स्थलों की पहचान की है। इसके बाद स्थान के चयन को लेकर चर्चा की जाएगी।’’

उन्होंने यह भी कहा कि स्वास्थ्य मंत्री ने उनसे संपर्क करने की बात कही थी, लेकिन इस संबंध में उन्हें अभी तक किसी आधिकारिक बैठक का निमंत्रण नहीं मिला है।

भाषा मनीषा अमित

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