गोवा सरकार एक करोड़ वर्ग मीटर पर्यावरण-संवेदनशील भूमि का पुनर्वर्गीकरण करेगी
गोवा सरकार एक करोड़ वर्ग मीटर पर्यावरण-संवेदनशील भूमि का पुनर्वर्गीकरण करेगी
पणजी, 25 अप्रैल (भाषा) गोवा के मंत्री विश्वजीत राणे ने शनिवार को कहा कि सरकार तटीय राज्य में विकास क्षेत्रों के रूप में नामित एवं पारिस्थितिकी रूप से संवेदनशील एक करोड़ वर्ग मीटर भूमि को वापस “विकास गतिविधियों से मुक्त” क्षेत्रों में बदलने की प्रक्रिया में है।
नगर एवं ग्रामीण नियोजन मंत्री ने ‘पीटीआई-भाषा’ से बातचीत में कहा कि क्षेत्रीय योजना 2021 में सुधार किए जाएंगे, जिसमें संवेदनशील क्षेत्रों को विकास क्षेत्रों के रूप में दिखाया गया था।
राणे ने कहा कि नगर एवं ग्राम्य नियोजन बोर्ड ने उत्तरी गोवा के चोपडेम, अरम्बोल और मांड्रेम में 15 लाख वर्ग मीटर क्षेत्र को पहले ही विकास गतिविधियों से मुक्त क्षेत्र घोषित कर दिया है। बोर्ड की बैठक इस सप्ताह की शुरुआत में हुई थी।
उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों की एक टीम ने क्षेत्रीय योजना 2021 का अध्ययन किया है और नगर एवं ग्राम्य नियोजन बोर्ड को सुधारों का सुझाव दिया है।
मंत्री ने उल्लेख किया कि जब पिछली सरकार द्वारा क्षेत्रीय योजना का मसौदा तैयार किया गया था, तब तटीय राज्य में नौ करोड़ वर्ग मीटर भूमि को विकास क्षेत्रों के रूप में चिह्नित किया गया था।
उन्होंने कहा कि विभाग नदी तटों और ढलानों के आसपास के सभी क्षेत्रों को विकास गतिविधि मुक्त क्षेत्र घोषित करेगा, जिससे वहां आगे विकास के नाम पर होने वाली गतिविधियों को पूरी तरह से रोक दिया जाएगा।
भाषा प्रशांत सुरेश
सुरेश

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