गोगोई ने विस चुनाव में हार के कारणों की समीक्षा की, कांग्रेस कार्यकर्ताओं से लोकसभा चुनाव की तैयारी करने को कहा
गोगोई ने विस चुनाव में हार के कारणों की समीक्षा की, कांग्रेस कार्यकर्ताओं से लोकसभा चुनाव की तैयारी करने को कहा
गुवाहाटी, नौ मई (भाषा) असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई ने शनिवार को पार्टी कार्यकर्ताओं से 2029 के लोकसभा चुनाव की तैयारी अभी से शुरू करने का आग्रह किया।
गोगोई ने जनता की समस्याओं को उजागर करने में कांग्रेस की प्रतिबद्धता पर बल दिया।
राज्य विधानसभा चुनाव में विपक्षी दल की विफलता के कारणों की समीक्षा करने के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए, गोगोई ने कार्यकर्ताओं से 2029 के लोकसभा चुनाव के लिए आज से ही तैयारियां शुरू करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि असम की जनता के साथ खड़े रहने, उनकी समस्याओं को उजागर करने और सरकार की गलत नीतियों को इंगित करने की जिम्मेदारी अब काफी बढ़ गई है।
गोगोई ने कहा कि संगठनात्मक मामलों की गहन समीक्षा के बाद, पार्टी नेतृत्व जल्द ही जनसंपर्क कार्यक्रम शुरू करेगा और अगले सोमवार से पार्टी के संबद्ध संगठनों के साथ व्यापक चर्चा करेगा। गोगोई ने इस संबंध में तत्काल कदम उठाने की जिम्मेदारी पार्टी के महासचिव को सौंपी।
बैठक से पहले पत्रकारों से बात करते हुए गोगोई ने कहा, ‘कांग्रेस पार्टी ने चुनाव परिणामों को बहुत गंभीरता से लिया है। प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष के रूप में, मैं समग्र चुनाव परिणामों के लिए नैतिक जिम्मेदारी स्वीकार करता हूं। मैंने पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व से अपील की है कि आने वाले दिनों में वे हमारी संगठनात्मक आधार या रणनीतियों के संबंध में जो भी सुझाव दें, हम उन्हें स्वीकार करेंगे।’
इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) पर आशंका जताते हुए उन्होंने कहा, ‘हम जानना चाहते थे कि ईवीएम के अंदर किस तरह की बैटरी या तकनीक है कि चार्ज कभी कम नहीं होता। इतने लंबे समय के बाद भी बैटरी का चार्ज कम नहीं होता।’
उन्होंने कहा, ‘मतदाता सूची को लेकर कई संदेह हैं। हमने इन मुद्दों पर बार-बार अपनी आवाज उठाई है।’
एक बयान में जानकारी दी गई कि असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) की विशेष समीक्षा बैठक में पार्टी के खराब प्रदर्शन के कारणों पर गहन चर्चा हुई। बयान में यह भी बताया गया कि 2026 में अधिकांश निर्वाचन क्षेत्रों में 2021 की तुलना में अधिक वोट प्राप्त करने के बावजूद कांग्रेस उम्मीदवारों की हार के कारणों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
बयान में कहा गया, ‘चुनाव आयोग द्वारा निष्पक्षता बनाए रखने के बजाय सत्ताधारी पक्ष की कथित रूप से मदद करने, लाभार्थी योजनाओं के राजनीतिकरण, ईवीएम में अनियमितताओं और पार्टी की संगठनात्मक कमजोरियों जैसे मुद्दों पर चर्चा के दौरान विशेष ध्यान दिया गया।’
चुनाव परिणामों के बाद राज्य के पार्टी प्रभारी पद से इस्तीफा देने वाले कांग्रेस महासचिव जितेंद्र सिंह ने सभी उम्मीदवारों के प्रति आभार व्यक्त किया, जिन्होंने ‘कठिन चुनौतियों का सामना करते हुए भी लोकतंत्र की रक्षा के लिए चुनाव लड़ा।’
कांग्रेस ने 126 सदस्यीय विधानसभा में 19 सीट जीती, हालांकि वह सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी बनी रही।
भाषा अमित प्रशांत
प्रशांत

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