हरियाणा पुलिस ने अपहरण के 11 घंटे के भीतर 12 साल के लड़के को बचाया

हरियाणा पुलिस ने अपहरण के 11 घंटे के भीतर 12 साल के लड़के को बचाया

हरियाणा पुलिस ने अपहरण के 11 घंटे के भीतर 12 साल के लड़के को बचाया
Modified Date: June 13, 2026 / 10:02 pm IST
Published Date: June 13, 2026 10:02 pm IST

चंडीगढ़, 13 जून (भाषा) हरियाणा पुलिस ने पानीपत से कथित अपहरण के 11 घंटे के भीतर 12 वर्षीय लड़के को सुरक्षित बचाते हुए महिला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी।

पुलिस के अनुसार, अपहरणकर्ताओं ने लड़के के परिवार से 1.50 करोड़ रुपये की फिरौती की मांग की थी।

एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस अभियान की पूरी रात व्यक्तिगत रूप से निगरानी की और मिनट-दर-मिनट जानकारी लेते रहे।

पानीपत के पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह ने बताया कि परिवार को शुक्रवार रात 10:30 बजे बच्चे के अपहरण की सूचना मिली थी।

उन्होंने कहा कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पूरे जिले में पुलिस टीम तुरंत तैनात की गईं और जांच का जिम्मा पुलिस की ‘क्राइम इन्वेस्टिगेशन एजेंसी-2’ को सौंपा गया।

पुलिस ने बताया कि तकनीकी और खुफिया संसाधनों का उपयोग किया गया और पूरी रात लगातार दबाव बनाए रखा गया।

सिंह ने बताया कि जांच के दौरान आरोपियों ने पुलिस को यह भ्रमित करने की कोशिश की कि बच्चे को उत्तर प्रदेश ले जाया गया है, लेकिन विश्लेषण और निगरानी के बाद आरोपियों का वास्तविक ठिकाना रोहतक निकला।

जब पुलिस टीम अपराधियों के करीब पहुंची तो उन्होंने भागने की कोशिश की और पुलिस वाहन को टक्कर मार दी तथा टीम पर गोलीबारी की।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि धैर्यपूर्वक कार्रवाई करते हुए, टीम ने पहले शनिवार सुबह 9:30 बजे बच्चे को सुरक्षित छुड़ा लिया और उसे सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया, इसके बाद आरोपियों का पीछा किया गया।

पुलिस ने बताया कि इस दौरान पीछा करते समय दो आरोपी कथित जवाबी कार्रवाई में घायल हो गए।

उसने बताया कि बाद में तीनों आरोपियों को एक मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया, जिनमें से दो को रोहतक के पीजीआईएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसने बताया कि जांच जारी है।

हरियाणा के पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने इस अभियान की सफलता पर टीम को बधाई दी और इसे राज्य पुलिस की सतर्कता, तकनीकी दक्षता, समर्पण और पेशेवर उत्कृष्टता का शानदार उदाहरण बताया।

उन्होंने अभियान में शामिल सभी अधिकारियों और कर्मियों के लिए एक लाख रुपये के नकद इनाम और प्रशंसा पत्र की घोषणा की।

भाषा

शुभम पवनेश

पवनेश


लेखक के बारे में