यूएसटीआर के आरोपों को भारत ने किया खारिज, जांच समाप्त करने की मांग

यूएसटीआर के आरोपों को भारत ने किया खारिज, जांच समाप्त करने की मांग

यूएसटीआर के आरोपों को भारत ने किया खारिज, जांच समाप्त करने की मांग
Modified Date: April 16, 2026 / 12:37 am IST
Published Date: April 16, 2026 12:37 am IST

नयी दिल्ली, 15 अप्रैल (भाषा) भारत ने अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) द्वारा भारत सहित कई देशों के खिलाफ अतिरिक्त संरचनात्मक क्षमता और उत्पादन से संबंधित शुरू की गई जांच में लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि प्रारंभिक नोटिस में दावों के समर्थन में कोई ठोस तर्क नहीं दिया गया है।

नयी दिल्ली की ओर से अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (यूएसटीआर) को सौंपे गए अपने प्रस्तुतीकरण में भारत ने आग्रह किया है कि वह यह निष्कर्ष निकाले कि भारत के खिलाफ आरोपों का कोई आधार नहीं है और इस जांच को समाप्त कर दे।

अमेरिका ने 11 मार्च को भारत, चीन, जापान और यूरोपीय संघ सहित अपने व्यापारिक साझेदारों के खिलाफ जांच शुरू करने की घोषणा की, ताकि उन “अनुचित विदेशी तौर-तरीकों” की पड़ताल की जा सके, जिनसे अमेरिकी विनिर्माण क्षेत्र पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।

अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर ने 1974 के व्यापार अधिनियम की धारा 301(बी) के तहत विभिन्न अर्थव्यवस्थाओं के “नीतियों, उपायों और तौर-तरीकों” की जांच शुरू करने की घोषणा की, जो विनिर्माण क्षेत्रों में संरचनात्मक अतिरिक्त क्षमता और उत्पादन से जुड़े हैं।

इस जांच के दायरे में बांग्लादेश, कंबोडिया, चीन, यूरोपीय संघ, भारत, इंडोनेशिया, जापान, कोरिया, मलेशिया, मैक्सिको, नॉर्वे, सिंगापुर, स्विट्जरलैंड, ताइवान, थाईलैंड और वियतनाम शामिल हैं।

यूएसटीआर द्वारा जारी जांच नोटिस के जवाब में भारत सरकार ने “नोटिस में लगाए गए सभी आरोपों का दृढ़ता से खंडन” किया है।

भाषा खारी नेत्रपाल

नेत्रपाल


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